राजस्व दफ्तरों में दलाली पर सख्ती, बिचौलियों पर होगी FIR, शिकायत के लिए टोल-फ्री नंबर जारी
राजस्व कार्यालयों में दलालों द्वारा अवैध वसूली रोकने के लिए सरकार ने सख्ती बढ़ा दी है। अब बिचौलियों के खिलाफ सीधे BNS की धाराओं में एफआईआर दर्ज की जाएगी। जमीन से जुड़े कामों में दलाल और मुंशी प्रथा खत्म करने पर जोर दिया गया है। शिकायत दर्ज कराने के लिए टोल फ्री नंबर 18003456215 जारी किया गया है।
अब राजस्व कार्यालयों में बिचौलिये बनकर लोगों से अवैध वसूली करने वालों के खिलाफ सीधे भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धाराओं के तहत एफआईआर दर्ज की जाएगी। साथ ही दोषियों के खिलाफ न्यायिक और आपराधिक कार्रवाई भी की जाएगी। सरकार ने इसे ‘रूल ऑफ लॉ’ के तहत पारदर्शिता सुनिश्चित करने की पहल बताया है।
इस आदेश का सबसे बड़ा फायदा आम लोगों को मिलने की उम्मीद है। अब जमीन से जुड़े काम कराने के लिए लोगों को दलालों के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे और अनावश्यक पैसा खर्च करने से भी राहत मिलेगी।
राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग ने जमीन से जुड़े कार्यों में दलाल और मुंशी प्रथा पर सख्ती बढ़ाने का फैसला लिया है। विभाग का मानना है कि दलालों के सक्रिय रहने से भ्रष्टाचार को बढ़ावा मिलता है और कई मामलों में फर्जी कागजात या गलत तरीके से काम भी हो जाते हैं। सख्ती बढ़ने से इन गतिविधियों पर रोक लग सकेगी।
आदेश के बाद जिलों के अंचल और राजस्व कार्यालयों में निगरानी भी बढ़ाई जाएगी। यदि किसी कार्यालय परिसर में दलाल सक्रिय पाए जाते हैं तो संबंधित अंचलाधिकारी और कर्मचारियों से भी जवाब-तलब किया जा सकता है। इससे विभागीय व्यवस्था में जवाबदेही तय होगी और सरकारी सेवाओं में पारदर्शिता बढ़ेगी।
विभाग ने स्पष्ट किया है कि जमीन से जुड़े काम, जैसे दाखिल-खारिज, परिमार्जन, एलपीसी, रसीद कटवाना या अन्य राजस्व सेवाओं के लिए किसी भी तरह के दलाल या मुंशी की जरूरत नहीं है। यदि कोई व्यक्ति खुद को कर्मचारी बताकर या काम जल्दी कराने के नाम पर पैसे मांगता है तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग ने लोगों की शिकायत सीधे दर्ज कराने के लिए टोल फ्री नंबर 18003456215 जारी किया है। कोई भी व्यक्ति राजस्व विभाग से जुड़े भ्रष्टाचार, दलाली या काम में देरी की शिकायत इस नंबर पर कर सकता है। इसके अलावा बिहार सरकार के जन शिकायत पोर्टल पर भी लिखित शिकायत दर्ज कराई जा सकती है।
विभाग का कहना है कि इस पहल का उद्देश्य आम नागरिकों को बिना किसी बिचौलिये के सरकारी सेवाएं उपलब्ध कराना है। आने वाले दिनों में यदि शिकायतें मिलती हैं तो दलालों और मुंशियों के खिलाफ लगातार कार्रवाई की जाएगी, जिससे राजस्व कार्यालयों की कार्यप्रणाली अधिक पारदर्शी और जवाबदेह बन सके।
Shaekh Arshi

