अमेरिका में घर सपना बनता जा रहा, मॉर्गेज सस्ता करने को ट्रंप का $200 अरब दांव
अमेरिका में ऊंची ब्याज दरों और महंगे घरों ने होमबायर्स की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। ट्रंप की $200 अरब की योजना मॉर्गेज सस्ता करने की कोशिश है, लेकिन विशेषज्ञ इसे अस्थायी समाधान मान रहे हैं।
शायना जमील
अमेरिका में घर खरीदना अब मध्यम और निम्न आय वर्ग के लिए पहले से कहीं ज्यादा कठिन होता जा रहा है। ऊंची मॉर्गेज ब्याज दरें, लगातार बढ़ती घरों की कीमतें और बाजार में मकानों की कमी ने हाउसिंग संकट को और गहरा कर दिया है।
बीते कुछ वर्षों में अमेरिका में होम लोन की ब्याज दरें 6 फीसदी के आसपास बनी हुई हैं, जिससे लोगों की मासिक EMI काफी बढ़ गई है। इसका सीधा असर यह हुआ है कि लाखों लोग घर खरीदने का फैसला टाल रहे हैं, जबकि किराये लगातार महंगे होते जा रहे हैं।
इसी बीच पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने हाउसिंग संकट से निपटने के लिए $200 अरब (करीब 16 लाख करोड़ रुपये) की एक बड़ी योजना का ऐलान किया है। ट्रंप के अनुसार, सरकार के नियंत्रण वाली एजेंसियां फैनी मे (Fannie Mae) और फ्रेडी मैक (Freddie Mac) भारी मात्रा में मॉर्गेज-बैक्ड सिक्योरिटीज खरीदेंगी।
कैसे काम करेगी ट्रंप की योजना?
ट्रंप का दावा है कि जब सरकार बड़े पैमाने पर मॉर्गेज बॉन्ड खरीदेगी, तो बाजार में होम लोन की ब्याज दरों पर दबाव कम होगा। इससे:
मॉर्गेज रेट घट सकते हैं
नई EMI कम हो सकती है
ज्यादा लोग घर खरीदने की स्थिति में आ सकते हैं
विशेषज्ञों की राय
हालांकि, अर्थशास्त्रियों का मानना है कि यह योजना अस्थायी राहत दे सकती है। उनका कहना है कि:
सिर्फ ब्याज दर घटाने से समस्या पूरी तरह हल नहीं होगी ।
असली समस्या घरों की कम सप्लाई और ऊंची कीमतें हैं ।
अगर नए घरों का निर्माण नहीं बढ़ा, तो संकट बना रहेगा ।
अमेरिका में हाउसिंग संकट एक गंभीर आर्थिक और सामाजिक मुद्दा बन चुका है। ट्रंप की $200 अरब की योजना से मॉर्गेज सस्ता हो सकता है, लेकिन विशेषज्ञ मानते हैं कि बिना दीर्घकालिक हाउसिंग सुधारों के यह समाधान अधूरा रहेगा।
What's Your Reaction?

