बॉलीवुड अभिनेता सनी देओल 68 साल की उम्र में भी अपनी फिटनेस और सक्रियता से लोगों को हैरान करते हैं। उम्र के इस पड़ाव पर भी उनका जोश और शारीरिक सक्रियता देखकर अक्सर यह सवाल उठता है कि आखिर उनकी फिटनेस का राज क्या है। खास बात यह है कि सनी देओल खुद को किसी बेहद सख्त खानपान की योजना में बांधकर नहीं रखते। वह समोसा, पराठा, लस्सी और चाय जैसी अपनी पसंदीदा चीजें भी खाते हैं। इसके बावजूद उनकी दिनचर्या में एक ऐसी आदत लगातार बनी हुई है, जिसे वह अपनी फिटनेस का अहम हिस्सा मानते हैं।
समोसा-पराठा खाते हैं, फिर भी खानपान को लेकर नहीं रहते परेशान
सनी देओल के खानपान को लेकर आम लोगों के मन में अक्सर जिज्ञासा रहती है। उनकी फिटनेस देखकर कई लोगों को लगता है कि अभिनेता किसी बेहद नियंत्रित आहार का पालन करते होंगे। लेकिन उनके द्वारा बताए गए खानपान के अनुसार ऐसा नहीं है। एक बातचीत में सनी देओल ने बताया था कि उनका भोजन काफी देसी है और वह खाने को लेकर जरूरत से ज्यादा सोचने के बजाय संतुलन पर ध्यान देते हैं।
वह अपनी पसंद के अनुसार समोसा, पराठा, लस्सी और चाय भी लेते हैं। देसी घी भी उनके खानपान का हिस्सा है। यानी उनकी फिटनेस का आधार केवल भोजन से जुड़ी पाबंदियां नहीं हैं। वह किसी खास आहार योजना का पालन करने के बजाय सामान्य और संतुलित खानपान को महत्व देते हैं।
सनी देओल की फिटनेस का सबसे बड़ा नियम क्या है?
सनी देओल की दिनचर्या में नियमित व्यायाम को खास महत्व हासिल है। वह सुबह जल्दी उठने की आदत का पालन करते हैं और बताया गया है कि वह लगभग सुबह 5:30 बजे उठ जाते हैं। दिन की शुरुआत ही व्यायाम से करने की उनकी आदत उनकी फिटनेस दिनचर्या का महत्वपूर्ण हिस्सा है।
उनके वर्कआउट में कार्डियो और वजन के साथ किया जाने वाला प्रशिक्षण शामिल रहता है। खास बात यह है कि वह इसके लिए किसी प्रशिक्षक पर पूरी तरह निर्भर रहने के बजाय खुद अपनी कसरत करते हैं। नियमित व्यायाम से उन्हें दिनभर सक्रिय और ऊर्जावान रहने में मदद मिलती है।
महंगे सप्लीमेंट्स से दूरी, खाने और व्यायाम पर भरोसा
आज के दौर में फिटनेस को लेकर बाजार में कई तरह के सप्लीमेंट्स और प्रोटीन उत्पाद उपलब्ध हैं। ऐसे में बहुत से लोग व्यायाम शुरू करने के साथ ही सप्लीमेंट्स का इस्तेमाल भी शुरू कर देते हैं। सनी देओल की सोच इस मामले में अलग बताई गई है।
एक पॉडकास्ट में उन्होंने सप्लीमेंट्स और पाउडर के इस्तेमाल को लेकर अपनी राय साझा की थी। उनके मुताबिक अच्छी गुणवत्ता वाला भोजन और नियमित व्यायाम शरीर को फिट रखने के लिए पर्याप्त हो सकते हैं। वह जरूरत से ज्यादा सप्लीमेंट्स पर निर्भर रहने को उचित नहीं मानते।
फिटनेस के लिए सनी देओल का फॉर्मूला बेहद सामान्य, लेकिन अनुशासन वाला
सनी देओल की दिनचर्या से जो सबसे महत्वपूर्ण बात सामने आती है, वह यह है कि फिटनेस को किसी विशेष समय की गतिविधि के बजाय जीवनशैली का हिस्सा बनाया जाए। उनकी दिनचर्या में नियमित व्यायाम के साथ सामान्य देसी भोजन भी शामिल है।
उनका तरीका यह बताता है कि पसंदीदा भोजन पूरी तरह छोड़ देना ही फिटनेस का एकमात्र रास्ता नहीं है। खानपान में संतुलन रखने के साथ नियमित शारीरिक गतिविधि पर ध्यान देना भी महत्वपूर्ण है। सनी देओल की फिटनेस दिनचर्या में यही संतुलन नजर आता है।
68 की उम्र में भी एक्टिंग के मैदान में सक्रिय
सनी देओल केवल अपनी फिटनेस के कारण ही चर्चा में नहीं रहते, बल्कि 68 साल की उम्र में भी अभिनय के क्षेत्र में सक्रिय हैं। उनकी फिल्म ‘बंटवारा 1947’ के रिलीज होने की खबर को लेकर भी उनके प्रशंसकों में उत्सुकता है। इस उम्र में भी काम के प्रति उनकी सक्रियता उनकी फिटनेस को लेकर लोगों की दिलचस्पी और बढ़ा देती है।
सनी देओल का फिट और सक्रिय नजर आना इस बात की ओर ध्यान खींचता है कि उम्र बढ़ने के साथ नियमित शारीरिक गतिविधि और संतुलित दिनचर्या की भूमिका कितनी महत्वपूर्ण हो सकती है। हालांकि हर व्यक्ति की शारीरिक जरूरत और स्वास्थ्य स्थिति अलग होती है, इसलिए किसी सेलिब्रिटी की दिनचर्या को बिना व्यक्तिगत सलाह के हूबहू अपनाना उचित नहीं माना जाना चाहिए।
कभी पसंद का खाना, लेकिन रोजाना व्यायाम से समझौता नहीं
सनी देओल के फिटनेस मंत्र की सबसे दिलचस्प बात यही है कि वह अपने पसंदीदा भोजन को पूरी तरह त्यागने की बात नहीं करते। समोसा, पराठा, लस्सी और चाय जैसी चीजें उनके खानपान में कभी-कभार शामिल रहती हैं। इसके बावजूद नियमित व्यायाम उनकी दिनचर्या का अहम हिस्सा है।
यही वजह है कि उनकी फिटनेस को केवल डाइट के नजरिए से देखना सही नहीं होगा। उनके बताए रूटीन में भोजन, व्यायाम और रोजमर्रा की जीवनशैली के बीच संतुलन दिखाई देता है। वह फिटनेस को लेकर किसी एक चीज पर निर्भर रहने के बजाय नियमितता को महत्व देते हैं।
सनी देओल की फिटनेस से क्या सीख मिलती है?
सनी देओल की फिटनेस दिनचर्या से सबसे प्रमुख संदेश नियमितता और संतुलन का मिलता है। किसी पसंदीदा भोजन को पूरी तरह छोड़ना या केवल सप्लीमेंट्स पर निर्भर रहना उनके बताए तरीके का हिस्सा नहीं है। इसके बजाय वह सामान्य भोजन के साथ नियमित कसरत को प्राथमिकता देते हैं।
उनकी दिनचर्या में सुबह जल्दी उठना, नियमित कार्डियो और वजन प्रशिक्षण करना तथा खानपान में संतुलन बनाए रखना प्रमुख बातें हैं। इसी वजह से 68 की उम्र में भी उनकी फिटनेस लोगों के बीच चर्चा का विषय बनी हुई है।
