जौनपुर: मछलीशहर लोकसभा क्षेत्र की सांसद प्रिया सरोज के लगातार प्रयासों और रेल मंत्रालय के समक्ष लगातार उठाई गई मांग आखिरकार रंग लाई है। विधानसभा केराकत के ग्राम कुसरना स्थित औड़िहार–जौनपुर रेलखंड के रेलवे किलोमीटर 26/9 से 27/0 के बीच बहुप्रतीक्षित रेलवे अंडरपास के निर्माण के लिए केंद्र सरकार ने ₹8 करोड़ की स्वीकृति प्रदान कर दी है। वर्षों से इस अंडरपास की मांग कर रहे क्षेत्रवासियों के लिए यह बड़ी राहत की खबर है। इस परियोजना के पूरा होने से न केवल आवागमन आसान होगा, बल्कि स्थानीय लोगों को जाम, दुर्घटनाओं और रेलवे फाटक पर होने वाली परेशानियों से भी काफी हद तक निजात मिलेगी।
लोकसभा से रेल मंत्रालय तक लगातार उठाती रहीं आवाज, आखिरकार मिला परिणाम
सांसद प्रिया सरोज ने इस मुद्दे को केवल स्थानीय स्तर तक सीमित नहीं रखा, बल्कि संसद के शून्यकाल में भी इसे प्रमुखता से उठाया। उन्होंने रेल मंत्रालय को कई बार पत्र लिखकर औड़िहार–जौनपुर रेलखंड पर अंडरपास निर्माण की आवश्यकता से अवगत कराया। सांसद के लगातार फॉलोअप और मंत्रालय के साथ समन्वय के बाद रेलवे ने इस परियोजना को मंजूरी दे दी। सोशल मीडिया के माध्यम से भी उन्होंने इस उपलब्धि की जानकारी साझा करते हुए कहा कि यह क्षेत्र की जनता के वर्षों पुराने संघर्ष और उनके निरंतर प्रयासों का परिणाम है। उन्होंने इसे जनता की जीत बताते हुए कहा कि विकास के लिए उनकी प्रतिबद्धता आगे भी इसी तरह जारी रहेगी।

रेलवे ने दी मंजूरी, क्षेत्र की वर्षों पुरानी मांग होगी पूरी
रेल मंत्रालय की स्वीकृति के साथ अब ग्राम कुसरना स्थित रेलवे किलोमीटर 26/9 से 27/0 के बीच अंडरपास निर्माण का रास्ता साफ हो गया है। इस स्थान पर लंबे समय से रेलवे फाटक पार करने के दौरान लोगों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ता था। कई बार घंटों तक फाटक बंद रहने के कारण लंबा जाम लग जाता था, जिससे विद्यार्थियों, किसानों, व्यापारियों, मरीजों और रोजाना आने-जाने वाले लोगों को कठिनाइयों का सामना करना पड़ता था। स्थानीय लोगों द्वारा वर्षों से अंडरपास निर्माण की मांग की जा रही थी, जिसे अब स्वीकृति मिलने के बाद जल्द ही धरातल पर उतारे जाने की उम्मीद है।
अंडरपास बनने से हजारों लोगों को मिलेगा सीधा लाभ
इस परियोजना के पूरा होने के बाद रेलवे फाटक पर लगने वाले जाम से लोगों को राहत मिलेगी। सड़क यातायात अधिक सुरक्षित होगा और दुर्घटनाओं की संभावना भी कम होगी। स्कूल, कॉलेज और बाजार जाने वाले छात्रों एवं आम नागरिकों को बिना किसी रुकावट के आवागमन की सुविधा मिलेगी। किसानों को अपनी उपज बाजार तक पहुंचाने में आसानी होगी, जबकि व्यापारिक गतिविधियों को भी नई गति मिलेगी। इसके अलावा आपातकालीन सेवाओं जैसे एंबुलेंस और फायर ब्रिगेड के आवागमन में भी किसी प्रकार की बाधा नहीं होगी, जिससे पूरे क्षेत्र की कनेक्टिविटी बेहतर होगी।

जनता की आवाज, हमारे प्रयास और विकास की जीत
इस उपलब्धि पर सांसद प्रिया सरोज ने क्षेत्र की जनता का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि यह केवल एक अंडरपास की मंजूरी नहीं, बल्कि जनता के विश्वास और उनके संघर्ष की जीत है। उन्होंने कहा कि जनप्रतिनिधि होने के नाते उनकी प्राथमिकता हमेशा जनता की मूलभूत समस्याओं का समाधान करना रही है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि क्षेत्र में सड़क, रेल, शिक्षा, स्वास्थ्य और अन्य बुनियादी सुविधाओं से जुड़े विकास कार्यों को आगे भी पूरी गंभीरता के साथ आगे बढ़ाया जाएगा।
विकास की दिशा में एक और मजबूत कदम
राजनीतिक जानकारों का मानना है कि अंडरपास निर्माण की मंजूरी सांसद प्रिया सरोज की सक्रिय कार्यशैली और लगातार फॉलोअप का परिणाम है। क्षेत्र में लंबे समय से लंबित इस परियोजना को स्वीकृति मिलने से लोगों में खुशी का माहौल है। स्थानीय नागरिकों ने उम्मीद जताई है कि निर्माण कार्य जल्द शुरू होगा और वर्षों पुरानी समस्या का स्थायी समाधान मिलेगा। यह परियोजना केवल एक निर्माण कार्य नहीं, बल्कि केराकत क्षेत्र की कनेक्टिविटी, सुरक्षा और विकास को नई दिशा देने वाला महत्वपूर्ण कदम साबित हो सकती है।
