बक्सर: बिहार के बक्सर जिले के चिलहरी गांव की रहने वाली रुचिका आर्या ने एक बड़ी उपलब्धि हासिल करते हुए एयर इंडिया के प्रतिष्ठित कैडेट पायलट प्रोग्राम में जगह बनाई है। इस चयन के साथ वह अब व्यावसायिक पायलट बनने की दिशा में विशेष प्रशिक्षण प्राप्त करेंगी। उनकी इस सफलता से परिवार के साथ-साथ पूरे बक्सर और बिहार में खुशी का माहौल है।
देश के प्रतिष्ठित पायलट प्रोग्राम में मिली
जगह
एयर इंडिया का कैडेट पायलट प्रोग्राम देश के चुनौतीपूर्ण और प्रतिष्ठित एविएशन प्रशिक्षण कार्यक्रमों में माना जाता है। इस कार्यक्रम में चयनित होने के बाद उम्मीदवारों को एयरलाइन पायलट बनने के लिए विशेष प्रशिक्षण दिया जाता है। रुचिका आर्या का चयन इसी कार्यक्रम के लिए हुआ है।
पिता भी हैं अनुभवी एयर इंडिया कमांडर
रुचिका के पिता कैप्टन संजीव रॉय एयर इंडिया में वरिष्ठ कमांडर हैं। कोविड-19 महामारी के दौरान उन्होंने आवश्यक उड़ानों का संचालन कर महत्वपूर्ण सेवाएं दी थीं। उस समय उनके योगदान को विभिन्न मीडिया संस्थानों और दूरदर्शन में भी प्रमुखता से जगह मिली थी।
चिलहरी की पहली महिला पायलट बनने का गौरव
रुचिका आर्या को चिलहरी गांव की पहली महिला पायलट बताया जा रहा है। साथ ही स्थानीय स्तर पर यह भी दावा किया जा रहा है कि वह बक्सर जिले की पहली महिला हैं, जिनका चयन एयर इंडिया के कैडेट पायलट प्रोग्राम में हुआ है। हालांकि इस दावे की आधिकारिक पुष्टि उपलब्ध नहीं है।
मेहनत और लगन से हासिल की सफलता
परिजनों और स्थानीय लोगों के अनुसार, रुचिका की यह उपलब्धि वर्षों की मेहनत, अनुशासन और दृढ़ संकल्प का परिणाम है। उनकी सफलता पर गांव और जिले के लोगों ने खुशी जताते हुए उन्हें शुभकामनाएं दी
बेटियो के लिए बनीं प्रेरणा
रुचिका आर्या की सफलता उन युवाओं, खासकर बेटियों के लिए प्रेरणा मानी जा रही है, जो छोटे शहरों और गांवों से निकलकर बड़े सपने देखती हैं। उनकी उपलब्धि यह संदेश देती है कि लगातार मेहनत और स्पष्ट लक्ष्य के साथ राष्ट्रीय स्तर पर भी सफलता हासिल की जा सकती है।
