नई दिल्ली। पतंजलि फूड्स लिमिटेड ने भाजपा के पूर्व सांसद ब्रजभूषण शरण सिंह के खिलाफ 50 करोड़ रुपये का मानहानि मुकदमा दायर किया है। मामला पतंजलि के घी को लेकर सिंह की ओर से दिए गए कथित बयान से जुड़ा है। मध्य प्रदेश हाईकोर्ट में इस मामले की सुनवाई चल रही है और अगली सुनवाई 18 सितंबर को निर्धारित की गई है। अदालत के रिकॉर्ड में भी Patanjali Foods Limited Through Authorised Representative vs Brij Bhushan Sharan Singh मामले की पुष्टि होती है।
घी पर टिप्पणी से शुरू हुआ विवाद अब अदालत तक पहुंचा
मामला उस सार्वजनिक बयान से जुड़ा बताया जा रहा है, जिसमें ब्रजभूषण शरण सिंह ने पतंजलि के घी की गुणवत्ता पर सवाल उठाए थे। मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, उन्होंने घी को लेकर गंभीर टिप्पणी करते हुए लोगों से घर में गाय या भैंस पालने की अपील भी की थी।
पतंजलि फूड्स का आरोप है कि इस तरह के सार्वजनिक बयानों से कंपनी की प्रतिष्ठा और उसके कारोबार को नुकसान पहुंचा। कंपनी ने इसी आधार पर मानहानि का दावा पेश किया है।
पतंजलि ने 50 करोड़ रुपये के नुकसान का दावा क्यों किया?
कंपनी की ओर से अदालत में पेश अधिवक्ता विक्रम मालवीय के अनुसार, विवादित बयान सार्वजनिक रूप से प्रसारित हुआ और इससे कंपनी की ब्रांड छवि प्रभावित होने का दावा किया गया। पतंजलि की ओर से यह भी कहा गया है कि बयान के बाद कंपनी के शेयर मूल्य पर असर पड़ा और उसे आर्थिक नुकसान उठाना पड़ा।
हालांकि, 50 करोड़ रुपये का आंकड़ा कंपनी की ओर से दायर मानहानि दावे से संबंधित है। इस मुकदमे में लगाए गए आरोपों और दावे पर अंतिम न्यायिक निष्कर्ष अभी नहीं आया है।
जिला अदालत से हाईकोर्ट तक पहुंचा मामला
जानकारी के मुताबिक, मानहानि का मामला पहले जिला अदालत में दाखिल किया गया था। बाद में इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों से जुड़े कानूनी सवालों के बीच यह मामला मध्य प्रदेश हाईकोर्ट पहुंचा। हाईकोर्ट के रिकॉर्ड में 30 जुलाई 2026 की कार्यवाही भी दर्ज है, जिसमें पतंजलि फूड्स की ओर से अधिवक्ता विक्रम मालवीय के पेश होने का उल्लेख है।
मामले की सुनवाई के दौरान ब्रजभूषण शरण सिंह की ओर से अधिवक्ता अदालत में उपस्थित हुए और जवाब दाखिल करने के लिए अतिरिक्त समय मांगा। अदालत ने अगली सुनवाई के लिए 18 सितंबर की तारीख तय की है।
अब 18 सितंबर की सुनवाई पर टिकी नजर
फिलहाल इस मामले में अदालत के सामने दोनों पक्षों की दलीलें और दस्तावेज मौजूद हैं। पतंजलि फूड्स ने अपने ब्रांड और कारोबारी नुकसान का हवाला देते हुए मानहानि का दावा किया है, जबकि ब्रजभूषण शरण सिंह की ओर से मामले में जवाब दाखिल करने के लिए समय मांगा गया है।
अब अगली सुनवाई में सिंह की ओर से दाखिल किए जाने वाले जवाब और अदालत की आगे की कार्यवाही से यह स्पष्ट होगा कि यह 50 करोड़ रुपये का मानहानि विवाद किस दिशा में आगे बढ़ता है।
