बिहार में मौसम ने एक साथ दो रंग दिखाने शुरू कर दिए हैं। एक तरफ उत्तर बिहार के कई जिलों में मानसून की दस्तक के साथ भारी बारिश और तेज आंधी का खतरा मंडरा रहा है, तो दूसरी ओर दक्षिण और मध्य बिहार के कई इलाके अभी भी भीषण गर्मी और लू की चपेट में हैं। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने 25 जून को लेकर विशेष चेतावनी जारी की है। मौसम विभाग के अनुसार अगले 48 घंटे बिहार के लिए बेहद अहम रहने वाले हैं, क्योंकि इसी दौरान मानसून राज्य के अधिकांश हिस्सों में तेजी से आगे बढ़ सकता है। ऐसे में लोगों को गर्मी, बारिश, वज्रपात और तेज हवाओं-चारों तरह के मौसमीय प्रभावों का सामना करना पड़ सकता है।बिहार में मानसून और लू का डबल अटैक

बिहार में मानसून और लू का डबल अटैक

उत्तर बिहार में भारी बारिश का अलर्ट, इन जिलों पर सबसे ज्यादा नजर

मौसम विभाग के ताजा पूर्वानुमान के अनुसार 25 जून को उत्तर बिहार के अररिया, मधुबनी, सुपौल, किशनगंज, पूर्णिया और कटिहार जिलों में भारी बारिश की संभावना है। इन क्षेत्रों में कई जगहों पर मूसलाधार बारिश के साथ गरज-चमक और वज्रपात की घटनाएं भी दर्ज हो सकती हैं। वहीं सारण, वैशाली, दरभंगा, समस्तीपुर, सीवान, पूर्वी और पश्चिमी चंपारण, सीतामढ़ी तथा मुजफ्फरपुर के कुछ इलाकों में हल्की से मध्यम बारिश होने का अनुमान है। मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि बंगाल की खाड़ी से आने वाली नमी और मानसूनी हवाओं के प्रभाव से उत्तर बिहार में वर्षा गतिविधियां तेजी से बढ़ रही हैं, जिससे अगले कुछ दिनों तक बारिश का सिलसिला जारी रह सकता है।

70 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चल सकती हैं हवाएं

आईएमडी ने बारिश के साथ-साथ तेज आंधी और वज्रपात को लेकर भी चेतावनी जारी की है। विभाग के अनुसार 25 और 26 जून को बिहार के कई हिस्सों में 50 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं, जबकि कुछ स्थानों पर हवा के झोंके 70 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकते हैं। बीते 24 घंटों के दौरान सुपौल जिले में 61 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवा दर्ज की गई थी, जिसने मौसम विभाग की चिंता बढ़ा दी है। तेज हवाओं के कारण पेड़ गिरने, बिजली आपूर्ति बाधित होने और कच्चे मकानों को नुकसान पहुंचने की आशंका है। ऐसे में लोगों को खुले स्थानों और पेड़ों के नीचे खड़े होने से बचने की सलाह दी गई है।

दक्षिण बिहार में लू का कहर बरकरार, गर्मी से अभी राहत नहीं

जहां उत्तर बिहार में बारिश लोगों को राहत देने वाली है, वहीं दक्षिण-पश्चिम और दक्षिण-मध्य बिहार के कई जिलों में गर्मी का प्रकोप जारी रहेगा। मौसम विभाग ने इन क्षेत्रों में लू चलने की आशंका जताई है। दिन के समय तापमान सामान्य से अधिक रह सकता है और उमस भी लोगों की परेशानी बढ़ाएगी। विशेषज्ञों का कहना है कि मानसून के पूरी तरह सक्रिय होने तक राज्य के कुछ हिस्सों में गर्मी और लू का असर बना रहेगा। स्वास्थ्य विभाग ने भी लोगों को दोपहर के समय घर से बाहर निकलने से बचने और पर्याप्त मात्रा में पानी पीने की सलाह दी है।

मानसून ने पकड़ी रफ्तार, 30 जून तक बदल जाएगा मौसम का पूरा मिजाज

बिहार के लिए राहत की सबसे बड़ी खबर यह है कि दक्षिण-पश्चिम मानसून की उत्तरी सीमा फिलहाल मोतिहारी से होकर गुजर रही है और अगले दो से तीन दिनों में इसके राज्य के शेष हिस्सों तक पहुंचने की पूरी संभावना है। मौसम विभाग के अनुसार 27 से 30 जून के बीच बिहार के अधिकांश जिलों में बारिश की गतिविधियां काफी बढ़ जाएंगी। इस दौरान कई स्थानों पर गरज-चमक, तेज हवाएं और वज्रपात की घटनाएं भी देखने को मिल सकती हैं। खासकर 28 जून को राज्य के कई जिलों में भारी बारिश होने की संभावना जताई गई है। विशेषज्ञों का मानना है कि यदि मानसून इसी रफ्तार से आगे बढ़ता रहा तो जून के अंतिम सप्ताह तक बिहार के अधिकांश हिस्सों को गर्मी से बड़ी राहत मिल सकती है।