नई दिल्ली: ‘उम्मीद पर दुनिया कायम है’—इस कहावत का सबसे जीवंत उदाहरण ठीक चार साल पहले आज ही के दिन यानी 23 अक्टूबर 2022 को मेलबर्न क्रिकेट ग्राउंड (MCG) पर देखने को मिला था। भारत और पाकिस्तान के बीच खेले गए टी20 वर्ल्ड कप के उस महामुकाबले को क्रिकेट इतिहास की सबसे रोमांचक और महान पारियों में गिना जाता है। एक समय जब भारतीय टीम ताश के पत्तों की तरह बिखर चुकी थी और विन प्रिडिक्टर (Win Predictor) ने भी भारत की हार मान ली थी, तब विराट कोहली ने अकेले दम पर मैच का पासा पलट दिया था।
जब 31 रन पर गिर गए थे 4 विकेट, 3.1% बची थी जीत की उम्मीद
पाकिस्तान के खिलाफ मुकाबले में भारत के सामने 160 रन का लक्ष्य था। टारगेट बहुत बड़ा नहीं था, लेकिन पाकिस्तानी गेंदबाजों ने शुरुआत में भारतीय बल्लेबाजी क्रम की धज्जियां उड़ा दीं। कप्तान रोहित शर्मा, केएल राहुल, सूर्यकुमार यादव और रन आउट हुए अक्षर पटेल के रूप में भारत के शुरुआती 4 विकेट महज 31 रन के स्कोर पर (6.1 ओवर में) गिर चुके थे। उस गंभीर स्थिति में विन प्रिडिक्टर के मुताबिक टीम इंडिया के जीतने के चांसेस सिर्फ 3.1 प्रतिशत रह गए थे। पाकिस्तानी फैंस ने जीत का जश्न मनाना शुरू कर दिया था, लेकिन क्रीज पर डटे 'चेज मास्टर' विराट कोहली ने हार नहीं मानी थी।
हारिस रऊफ के ओवर में लगाए वे दो जादुई छक्के, जिसने बदल दिया मैच का रुख
विराट कोहली ने हार्दिक पांड्या के साथ मिलकर सूझबूझ भरी साझेदारी निभाई और मैच को आखिरी ओवरों तक खींच लिया। भारत को जीत के लिए आखिरी दो ओवरों में 31 रनों की दरकार थी। मैच का 19वां ओवर फेंकने आए पाकिस्तान के सबसे खतरनाक गेंदबाज हारिस रऊफ। ओवर की पहली चार गेंदों पर केवल 3 रन आए, जिससे दबाव चरम पर पहुंच गया था। इसके बाद रऊफ की पांचवीं गेंद पर विराट कोहली ने स्ट्रेट बाउंड्री के ऊपर से ऐसा करिश्माई छक्का लगाया कि हर्षा भोगले की कमेंट्री—“कोहली गोज डाउन द ग्राउंड, कोहली गोज आउट ऑफ द ग्राउंड”—अमर हो गई। इसके ठीक अगली गेंद पर कोहली ने फाइन लेग की दिशा में एक और खूबसूरत छक्का जड़कर मुकाबले को पूरी तरह भारत के पक्ष में मोड़ दिया।
53 गेंदों पर नाबाद 82 रनों की पारी, जिसे कभी नहीं भूल पाएगा क्रिकेट जगत
आखिरी ओवर में रोमांच अपनी चरम सीमा पर था। नो बॉल पर छक्का, फ्री हिट पर दौड़कर लिए गए रन और अंत में रविचंद्रन अश्विन के चतुर दिमाग से लगाए गए विनिंग शॉट ने भारत को ऐतिहासिक जीत दिलाई। विराट कोहली ने अंत तक नाबाद रहते हुए 53 गेंदों पर 82 रनों की वह अद्भुत पारी खेली, जिसने करोड़ों भारतीयों के रोंगटे खड़े कर दिए थे। मैच के बाद कप्तान रोहित शर्मा ने भी ड्रेसिंग रूम से कोहली को सलाम किया था और इसे भारत के लिए उनकी सबसे सर्वश्रेष्ठ पारी करार दिया था।
