erere | Source: ereचेन्नई। तमिलनाडु के तिरुवन्नामलाई की जिला कलेक्टर वंदना गर्ग इन दिनों एक वीडियो को लेकर चर्चा में हैं। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के तमिलनाडु दौरे के दौरान एक ऐसा दृश्य कैमरे में कैद हुआ, जिसने लोगों का ध्यान अपनी ओर खींच लिया। दरअसल, अमित शाह जब तिरुवन्नामलाई स्थित प्रसिद्ध अरुणाचलेश्वर मंदिर पहुंचे, तब कलेक्टर वंदना गर्ग उनके पीछे रह गईं। इसके बाद वह अमित शाह तक पहुंचने के लिए कुछ दूरी तक दौड़ती हुई नजर आईं। पीली साड़ी पहने वंदना गर्ग का यह वीडियो अब सोशल मीडिया और खबरों में चर्चा का विषय बना हुआ है।

अमित शाह के पीछे दौड़ती नजर आईं कलेक्टर

केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने 8 अगस्त को तमिलनाडु-पुडुचेरी दौरे के दौरान तिरुवन्नामलाई का दौरा किया था। इस दौरान उन्होंने प्रसिद्ध अरुणाचलेश्वर मंदिर, जिसे अन्नामलाईयार मंदिर के नाम से भी जाना जाता है, में पूजा-अर्चना की। उन्होंने भगवान शिव यानी अरुणाचलेश्वर और देवी उन्नामलाई अम्मान के दर्शन किए तथा विधि-विधान से अनुष्ठान किया।

तिरुवन्नामलाई पहुंचने पर जिला कलेक्टर वंदना गर्ग ने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह का स्वागत किया। इसी दौरे के दौरान मंदिर परिसर में एक वीडियो रिकॉर्ड हुआ, जिसमें वंदना गर्ग अमित शाह से कुछ पीछे रह जाने के बाद दौड़ती हुई दिखाई दीं। यही छोटा-सा घटनाक्रम अब उनकी चर्चा की सबसे बड़ी वजह बन गया है।

मंदिर दौरे के बाद श्री रमण महर्षि आश्रम भी पहुंचे शाह

अमित शाह ने अरुणाचलेश्वर मंदिर में दर्शन के बाद गिरिवलम पथ पर स्थित श्री रमण महर्षि आश्रम का भी दौरा किया। यहां उन्होंने श्रद्धांजलि अर्पित की। गृह मंत्री के दौरे को देखते हुए तिरुवन्नामलाई में सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए थे। रिपोर्ट के अनुसार, शहर में करीब 1,500 पुलिसकर्मियों की तैनाती की गई थी।

इसी दौरान कलेक्टर वंदना गर्ग की सक्रियता भी कैमरे में दर्ज हुई। अमित शाह के आगे निकल जाने के बाद उनके पीछे दौड़ती हुई कलेक्टर का दृश्य लोगों के बीच चर्चा का विषय बन गया।

कौन हैं आईएएस वंदना गर्ग?

वंदना गर्ग 2017 बैच की तमिलनाडु कैडर की आईएएस अधिकारी हैं। वह दिल्ली की रहने वाली हैं और करीब नौ वर्षों से सिविल सेवा में कार्यरत हैं। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, उनका जन्म 20 सितंबर 1989 को हुआ था।

वंदना गर्ग ने माइक्रोबायोलॉजी में बीएससी और एमएससी की पढ़ाई की है। इसके बाद उन्होंने संघ लोक सेवा आयोग की परीक्षा पास की और उन्हें तमिलनाडु कैडर आवंटित हुआ। प्रशासनिक सेवा में आने के बाद उन्होंने राज्य में विभिन्न महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां संभाली हैं।

पहली बार मिली कलेक्टर की जिम्मेदारी

वंदना गर्ग को 29 मई 2026 को तिरुवन्नामलाई जिले का कलेक्टर बनाया गया। यह पहली बार है जब उन्हें किसी जिले के कलेक्टर की जिम्मेदारी मिली है। इससे पहले वह प्रशासन में कई महत्वपूर्ण पदों पर काम कर चुकी हैं।

उनके पूर्व पदों में अतिरिक्त कलेक्टर (विकास), परियोजना अधिकारी, सहायक कलेक्टर और कार्यकारी मजिस्ट्रेट जैसी जिम्मेदारियां शामिल रही हैं। तिरुवन्नामलाई की कलेक्टर बनने के बाद उनकी प्रशासनिक भूमिका और जिम्मेदारी काफी बढ़ गई है।

दिल्ली विश्वविद्यालय से की पढ़ाई

वंदना गर्ग ने दिल्ली विश्वविद्यालय से पढ़ाई की है। विज्ञान विषय में उच्च शिक्षा हासिल करने के बाद उन्होंने सिविल सेवा का रास्ता चुना। आईएएस बनने के बाद तमिलनाडु में उन्हें अलग-अलग प्रशासनिक जिम्मेदारियां दी गईं और अब वह तिरुवन्नामलाई जिले की कमान संभाल रही हैं।

तिरुवन्नामलाई की कलेक्टर के रूप में वह जिले की 25वीं कलेक्टर हैं। प्रशासनिक फेरबदल के दौरान उन्हें यह जिम्मेदारी सौंपी गई और मई 2026 से वह जिले का प्रशासन संभाल रही हैं।

कलेक्टर का पद संभालते ही हुआ था दिलचस्प वाकया

वंदना गर्ग के कलेक्टर का पद संभालने के समय भी एक दिलचस्प घटना सामने आई थी। जब वह पहली बार अपने कार्यालय पहुंचीं और कलेक्टर का कार्यभार संभालने वाली थीं, तब उनके स्वागत के लिए निवर्तमान जिला कलेक्टर दर्पगराज, जिला राजस्व अधिकारी और अन्य वरिष्ठ अधिकारी मौजूद थे।

सभी अधिकारी नई कलेक्टर के स्वागत के लिए फूलों के गुलदस्ते लेकर खड़े थे। कार्यालय में प्रवेश करने के बाद वंदना गर्ग ने वहां मौजूद अधिकारियों का हाथ जोड़कर अभिवादन किया। इसी दौरान उनकी नजर निवर्तमान कलेक्टर दर्पगराज पर पड़ी।

नई कलेक्टर ने पूर्व कलेक्टर से कह दी थी ऐसी बात

वंदना गर्ग ने दर्पगराज को देखकर कहा, ''मुझे लगता है कि मैंने आपको पहले भी कहीं देखा है।'' उनकी इस बात के बाद वहां मौजूद लोगों के बीच एक पल के लिए असमंजस की स्थिति बन गई। इसके बाद निवर्तमान कलेक्टर दर्पगराज ने मुस्कुराते हुए बेहद सहज अंदाज में जवाब दिया कि ''मैं ही कलेक्टर हूं।''

यह छोटा-सा संवाद उस समय भी चर्चा में रहा था। नई कलेक्टर और निवर्तमान कलेक्टर के बीच हुई यह बातचीत प्रशासनिक जिम्मेदारी संभालने के दौरान का एक रोचक प्रसंग बन गई।

अमित शाह के दौरे में क्यों चर्चा में आईं वंदना गर्ग?

वंदना गर्ग का नाम पहले से ही तिरुवन्नामलाई के प्रशासनिक कामकाज के कारण चर्चा में था, लेकिन अमित शाह के दौरे के दौरान सामने आए वीडियो ने उन्हें अचानक सुर्खियों में ला दिया। वीडियो में वह पीली साड़ी में अमित शाह के पीछे तेजी से आगे बढ़ती हुई नजर आती हैं।

हालांकि, वीडियो में दिखाई दे रहा यह घटनाक्रम दौरे के दौरान की एक छोटी-सी झलक है। उनके दौड़ने की वजह यही बताई जा रही है कि वह मंदिर परिसर में अमित शाह से पीछे रह गई थीं और उनके साथ आगे बढ़ने के लिए तेजी से पहुंच रही थीं।

तिरुवन्नामलाई की जिम्मेदारी संभाल रहीं वंदना गर्ग

तिरुवन्नामलाई तमिलनाडु का एक महत्वपूर्ण धार्मिक और सांस्कृतिक केंद्र है। यहां स्थित अरुणाचलेश्वर मंदिर श्रद्धालुओं के लिए प्रमुख धार्मिक स्थलों में शामिल है। ऐसे जिले की प्रशासनिक जिम्मेदारी संभालना कलेक्टर के लिए महत्वपूर्ण भूमिका होती है।

वंदना गर्ग ने 29 मई 2026 से तिरुवन्नामलाई की कलेक्टर के रूप में कार्यभार संभाला है। इससे पहले अलग-अलग प्रशासनिक पदों पर काम करने का उनका अनुभव अब जिला प्रशासन की जिम्मेदारी में काम आ रहा है।

एक वीडियो ने फिर खींचा सबका ध्यान

केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के दौरे के दौरान वंदना गर्ग का कुछ दूरी तक दौड़ते हुए वीडियो सामने आने के बाद उनकी चर्चा तेज हो गई है। एक ओर उनकी प्रशासनिक पृष्ठभूमि लोगों का ध्यान आकर्षित कर रही है, वहीं दूसरी ओर गृह मंत्री के दौरे से जुड़ा यह दृश्य सोशल मीडिया और समाचार रिपोर्टों में प्रमुखता से सामने आया है।

वंदना गर्ग की पहचान केवल वायरल वीडियो तक सीमित नहीं है। वह 2017 बैच की आईएएस अधिकारी हैं, जिन्होंने माइक्रोबायोलॉजी की पढ़ाई के बाद सिविल सेवा में प्रवेश किया और तमिलनाडु कैडर में विभिन्न प्रशासनिक जिम्मेदारियां निभाईं।