erer | Source: erereमुंबई। बॉलीवुड के दिग्गज अभिनेता शाहरुख खान, अजय देवगन और टाइगर श्रॉफ की मुश्किलें बढ़ती नजर आ रही हैं। महाराष्ट्र के खाद्य एवं औषधि प्रशासन (एफडीए) ने तीनों अभिनेताओं को ‘विमल इलायची’ के विज्ञापन में शामिल होने को लेकर कारण बताओ नोटिस जारी किया है। एफडीए का कहना है कि विज्ञापन में इस्तेमाल किए गए ब्रांड नाम, संवाद और प्रस्तुति को देखते हुए यह प्रचार अप्रत्यक्ष रूप से ‘विमल पान मसाला’ के विज्ञापन के तौर पर देखा जा सकता है।

‘विमल इलायची’ के विज्ञापन पर क्यों जारी हुआ नोटिस?

एफडीए की कार्रवाई ‘विमल इलायची’ के विज्ञापन को लेकर की गई है। विभाग के मुताबिक विज्ञापन में भले ही इलायची उत्पाद का प्रचार किया जा रहा हो, लेकिन ब्रांड नाम और विज्ञापन की प्रस्तुति पान मसाला से जुड़ी दिखाई देती है। इसी आधार पर एफडीए ने इसे सरोगेट विज्ञापन से जोड़ते हुए तीनों अभिनेताओं से स्पष्टीकरण मांगा है।

महाराष्ट्र में पान मसाला और गुटखा पर प्रतिबंध लागू होने के बीच एफडीए ने तंबाकू और निकोटीन वाले उत्पादों के खिलाफ कार्रवाई तेज कर रखी है। विभाग का कहना है कि ऐसे उत्पादों के प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष प्रचार को लेकर भी नियमों का पालन जरूरी है।

महाराष्ट्र में पान मसाला और गुटखा पर एक साल की रोक

महाराष्ट्र सरकार ने 13 जुलाई को पान मसाला और गुटखा के भंडारण तथा बिक्री पर एक साल के लिए रोक लगा दी है। इसके बाद राज्य में खाद्य एवं औषधि प्रशासन की ओर से प्रतिबंधित उत्पादों के खिलाफ अभियान तेज किया गया है।

एफडीए के अनुसार, प्रतिबंध के बावजूद ऑनलाइन और अन्य मीडिया मंचों पर ऐसे उत्पादों से जुड़े विज्ञापन लगातार प्रसारित किए जा रहे हैं। विभाग ने इसी संदर्भ में ‘विमल इलायची’ के विज्ञापन की भी जांच की और इसमें इस्तेमाल किए गए ब्रांड नाम, संवाद तथा प्रस्तुति को पान मसाला से जुड़ा हुआ माना।

विज्ञापन करने पर 10 लाख रुपये तक जुर्माने का प्रावधान

एफडीए ने खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम (FSS Act) की धाराओं 24 और 53 का उल्लेख करते हुए कहा है कि ऐसे भ्रामक विज्ञापनों पर कार्रवाई का प्रावधान है। संबंधित प्रावधानों के तहत 10 लाख रुपये तक का जुर्माना लगाया जा सकता है।

नोटिस में कहा गया है कि प्रतिबंधित खाद्य पदार्थों से संबंधित कानूनी प्रावधान लागू होने के बावजूद ऑनलाइन और दूसरे मीडिया मंचों पर विज्ञापन जारी हैं। ऐसे में विज्ञापन में भाग लेने वाले संबंधित लोगों से उनकी भूमिका और मामले पर स्पष्टीकरण मांगा गया है।

तीनों अभिनेताओं के पते पर भेजे गए नोटिस

जानकारी के मुताबिक एफडीए ने शाहरुख खान, अजय देवगन और टाइगर श्रॉफ को पत्र के जरिए नोटिस भेजे हैं। अजय देवगन को मुंबई के जुहू स्थित उनके बंगले के पते पर नोटिस भेजा गया है। वहीं शाहरुख खान को बांद्रा स्थित उनके आवास ‘मन्नत’ के पते पर नोटिस भेजे जाने की जानकारी है।

टाइगर श्रॉफ को नोटिस उनकी प्रोडक्शन कंपनी के पते पर भेजा गया है। तीनों अभिनेता ‘विमल’ के प्रचार से सीधे तौर पर जुड़े रहे हैं और इसी वजह से एफडीए ने उनसे मामले में जवाब मांगा है।

महाराष्ट्र में प्रतिबंधित गुटखा के खिलाफ अभियान तेज

महाराष्ट्र में पान मसाला और गुटखा पर प्रतिबंध के बाद एफडीए ने कार्रवाई तेज कर दी है। रिपोर्ट के मुताबिक पिछले दो महीनों में करीब 15 करोड़ रुपये का गुटखा जब्त किया गया है।

एफडीए की ओर से प्रतिबंधित उत्पादों की बिक्री और भंडारण के खिलाफ बड़े स्तर पर छापेमारी भी की गई है। उपलब्ध जानकारी के अनुसार विभाग ने 658 ठिकानों पर छापेमारी की और इस कार्रवाई के संबंध में 519 एफआईआर दर्ज की गई हैं।

इन आंकड़ों से संकेत मिलता है कि राज्य में प्रतिबंधित गुटखा और पान मसाला के खिलाफ प्रवर्तन अभियान को व्यापक स्तर पर चलाया जा रहा है। एफडीए ऐसे उत्पादों के भंडारण, बिक्री और उनसे संबंधित गतिविधियों पर कार्रवाई कर रहा है।

पहले भी ‘विमल इलायची’ विज्ञापन को लेकर हो चुका है नोटिस

‘विमल इलायची’ के विज्ञापन को लेकर यह पहला मामला नहीं है। इससे पहले वर्ष 2018 में भी स्वास्थ्य सेवाओं के महानिदेशालय ने ‘विमल इलायची’ का प्रचार करने वाली विष्णु पाउच पैकेजिंग प्राइवेट लिमिटेड को नोटिस जारी किया था।

इससे पता चलता है कि सरोगेट विज्ञापन के माध्यम से तंबाकू या पान मसाला उत्पादों के प्रचार को लेकर संबंधित एजेंसियां पहले भी सवाल उठा चुकी हैं। मौजूदा मामले में एफडीए ने विज्ञापन में शामिल बॉलीवुड अभिनेताओं से भी उनकी भूमिका को लेकर स्पष्टीकरण मांगा है।

क्या है सरोगेट विज्ञापन?

सरोगेट विज्ञापन उस तरह के प्रचार को कहा जाता है जिसमें किसी प्रतिबंधित या सीधे विज्ञापित किए जाने में कानूनी बाधा वाले उत्पाद के ब्रांड नाम या पहचान से जुड़े किसी दूसरे उत्पाद का प्रचार किया जाता है। ऐसे विज्ञापनों में ब्रांड की पहचान और प्रस्तुति के जरिए उपभोक्ताओं तक मूल ब्रांड का संदेश पहुंचने का आरोप लगाया जाता है।

‘विमल इलायची’ के मामले में एफडीए का कहना है कि विज्ञापन में इस्तेमाल किए गए ब्रांड नाम, संवाद और प्रस्तुति इसे पान मसाला से जोड़ते हैं। इसी आधार पर विभाग ने तीनों अभिनेताओं से स्पष्टीकरण मांगा है।

अब तीनों अभिनेताओं को देना होगा जवाब

एफडीए की ओर से नोटिस जारी किए जाने के बाद अब शाहरुख खान, अजय देवगन और टाइगर श्रॉफ से उनके विज्ञापन में शामिल होने को लेकर स्पष्टीकरण मांगा गया है। नोटिस में प्रतिबंधित उत्पादों और उनके प्रचार से जुड़े कानूनी प्रावधानों का उल्लेख किया गया है।

मामले में अंतिम स्थिति संबंधित जवाब और आगे की कार्रवाई पर निर्भर करेगी। फिलहाल एफडीए ने विज्ञापन में तीनों अभिनेताओं की भूमिका को लेकर स्पष्टीकरण मांगा है और महाराष्ट्र में प्रतिबंधित गुटखा एवं पान मसाला के खिलाफ अभियान जारी है।