
NEET पेपर लीक मामला CJP संस्थापक अभिजीत दीपकेSource : Pinterest
NEET-UG 2026 पेपर लीक विवाद को लेकर देशभर में छात्रों और अभिभावकों के बीच नाराजगी बढ़ती जा रही है। इसी बीच छात्रों के मुद्दों को उठाने वाली कॉकरोच जनता पार्टी के संस्थापक अभिजीत दीपके ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को एक खुली चिट्ठी लिखी है। उन्होंने कहा कि परीक्षा प्रणाली में बार-बार सामने आ रही गड़बड़ियों से लाखों छात्रों का भविष्य प्रभावित हो रहा है। दीपके ने केंद्र सरकार से इस मामले में तुरंत हस्तक्षेप करने, दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने और परीक्षा व्यवस्था में पारदर्शिता सुनिश्चित करने की मांग की है। उनका कहना है कि छात्रों की मेहनत और भविष्य के साथ किसी भी तरह का समझौता नहीं होना चाहिए।
पीएम मोदी को लिखी खुली चिट्ठी
अभिजीत दीपके ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को लिखे अपने पत्र में कहा कि NEET-UG 2026 पेपर लीक और परीक्षा से जुड़ी अनियमितताओं ने छात्रों का परीक्षा प्रणाली पर भरोसा कमजोर कर दिया है। उन्होंने कहा कि लाखों छात्र वर्षों तक कड़ी मेहनत और तैयारी के बाद परीक्षा देते हैं, लेकिन बार-बार सामने आ रही गड़बड़ियां उनके भविष्य को प्रभावित कर रही हैं। दीपके ने प्रधानमंत्री से इस मामले में सीधे हस्तक्षेप करने और छात्रों को न्याय दिलाने की अपील की है।
सरकार के सामने रखीं कई बड़ी मांगें
अपनी चिट्ठी में अभिजीत दीपके ने केंद्र सरकार के सामने कई अहम मांगें रखीं। उन्होंने परीक्षा प्रणाली को अधिक पारदर्शी और जवाबदेह बनाने, दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने और विवाद से प्रभावित छात्रों के हितों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की। इसके अलावा उन्होंने छात्रों के भविष्य को सुरक्षित रखने के लिए परीक्षा व्यवस्था में बड़े सुधारों की जरूरत पर भी जोर दिया।
धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग दोहराई
कॉकरोच जनता पार्टी लगातार NEET पेपर लीक मामले को लेकर केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान को जिम्मेदार ठहराती रही है। अभिजीत दीपके का कहना है कि जब तक इस पूरे मामले में जवाबदेही तय नहीं होगी, तब तक छात्रों का भरोसा वापस नहीं लौटेगा। इसी वजह से उन्होंने एक बार फिर शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग उठाई है।
देशभर में आंदोलन तेज करने की चेतावनी
CJP पहले भी NEET विवाद को लेकर दिल्ली के जंतर-मंतर समेत कई जगहों पर प्रदर्शन कर चुकी है। अब अभिजीत दीपके ने चेतावनी दी है कि यदि सरकार उनकी मांगों पर जल्द ध्यान नहीं देती है, तो आंदोलन को और व्यापक स्तर पर चलाया जाएगा। पार्टी ने इस मुद्दे को लेकर बड़े जनआंदोलन की तैयारी का भी संकेत दिया है।
