
लाहौर। पाकिस्तान और श्रीलंका के बीच लाहौर के गद्दाफी स्टेडियम में खेले जा रहे वनडे ट्राई सीरीज के फाइनल मुकाबले में श्रीलंकाई बल्लेबाज कामिंदु मेंडिस ने शानदार शतक लगाकर क्रिकेट प्रेमियों का ध्यान अपनी ओर खींच लिया। पाकिस्तान की घरेलू सरजमीं पर खेले जा रहे इस हाई-वोल्टेज मुकाबले में कामिंदु ने मेजबान टीम के प्रमुख तेज गेंदबाजों शाहीन शाह अफरीदी, हारिस रऊफ और नसीम शाह का डटकर सामना किया। उनकी बेहतरीन बल्लेबाजी के दम पर श्रीलंका ने मुकाबले में अपनी स्थिति मजबूत कर ली।
पाकिस्तान ने मुकाबले में टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी करने का फैसला किया था। घरेलू मैदान पर पाकिस्तान के तेज गेंदबाजों से बेहतर प्रदर्शन की उम्मीद की जा रही थी, लेकिन कामिंदु मेंडिस ने उनकी रणनीति को सफल नहीं होने दिया। उन्होंने शुरुआत से ही आत्मविश्वास के साथ बल्लेबाजी की और पाकिस्तानी गेंदबाजों पर दबाव बनाए रखा। उनकी पारी में संयम और आक्रामकता का शानदार तालमेल देखने को मिला।
कामिंदु मेंडिस ने खेली 131 रनों की शानदार पारी
श्रीलंका के स्टार बल्लेबाज कामिंदु मेंडिस ने फाइनल मुकाबले में 128 गेंदों का सामना करते हुए 131 रन बनाए। इस दौरान उन्होंने 12 चौके और दो छक्के लगाए। उनकी इस पारी ने श्रीलंका को न केवल मजबूत स्कोर की ओर बढ़ाया, बल्कि पाकिस्तान के गेंदबाजों के सामने भी बड़ी चुनौती खड़ी कर दी। कामिंदु ने मैदान के अलग-अलग हिस्सों में आकर्षक शॉट लगाए और खराब गेंदों को सीमा रेखा के पार पहुंचाने में कोई चूक नहीं की।
यह कामिंदु मेंडिस के वनडे करियर का पहला शतक रहा। फाइनल जैसे महत्वपूर्ण मुकाबले में पहला वनडे शतक लगाना उनके लिए खास उपलब्धि है। उन्होंने जिस अंदाज में पाकिस्तानी तेज गेंदबाजों का सामना किया, उससे श्रीलंकाई टीम को बड़ी राहत मिली। पाकिस्तान के गेंदबाज लगातार विकेट हासिल करने की कोशिश करते रहे, लेकिन कामिंदु ने आसानी से दबाव में आने के बजाय अपनी पारी को आगे बढ़ाया।
शाहीन अफरीदी की गेंदबाजी भी नहीं रोक सकी कामिंदु का बल्ला
पाकिस्तान के कप्तान शाहीन शाह अफरीदी ने गेंदबाजी की शुरुआत में श्रीलंकाई बल्लेबाजों पर दबाव बनाने की कोशिश की। उनके साथ हारिस रऊफ और नसीम शाह जैसे तेज गेंदबाज भी पाकिस्तानी आक्रमण का हिस्सा थे। इसके बावजूद कामिंदु मेंडिस ने आत्मविश्वास के साथ बल्लेबाजी जारी रखी। उन्होंने तेज गेंदबाजों के खिलाफ मौके के अनुसार शॉट खेले और श्रीलंका की पारी को संभाले रखा।
शाहीन अफरीदी को आखिरकार कामिंदु मेंडिस का विकेट हासिल करने में सफलता मिली। उन्होंने श्रीलंकाई बल्लेबाज को एलबीडब्ल्यू आउट कर पवेलियन भेजा। हालांकि, तब तक कामिंदु अपनी टीम के लिए 131 रनों की महत्वपूर्ण पारी खेल चुके थे। उनका विकेट पाकिस्तान के लिए राहत जरूर रहा, लेकिन उनकी पारी ने श्रीलंका को मुकाबले में मजबूत आधार दे दिया था।
अविष्का फर्नांडो ने दिलाई श्रीलंका को संतुलित शुरुआत
श्रीलंका की पारी की शुरुआत अविष्का फर्नांडो ने की। उन्होंने 49 गेंदों पर 38 रन बनाकर टीम को अच्छी शुरुआत दिलाई। अविष्का ने शुरुआती ओवरों में संभलकर बल्लेबाजी की और टीम को स्थिरता प्रदान की। उनकी पारी से श्रीलंका को आगे के बल्लेबाजों के लिए बेहतर आधार मिला।
हालांकि, श्रीलंका के कप्तान कुसल मेंडिस बड़ी पारी खेलने में सफल नहीं रहे। वह महज आठ रन बनाकर सलमान आगा की गेंद पर आउट हो गए। कप्तान का जल्दी आउट होना श्रीलंका के लिए झटका था, लेकिन इसके बाद कामिंदु मेंडिस ने जिम्मेदारी संभाली और पारी को आगे बढ़ाया।
पवन रत्नायके ने कामिंदु मेंडिस का दिया साथ
कप्तान कुसल मेंडिस के आउट होने के बाद कामिंदु मेंडिस को युवा बल्लेबाज पवन रत्नायके का अच्छा साथ मिला। पवन ने भी आक्रामक अंदाज में बल्लेबाजी करते हुए टीम के स्कोर को आगे बढ़ाने में महत्वपूर्ण योगदान दिया। दोनों बल्लेबाजों के बीच बेहतर तालमेल देखने को मिला। कामिंदु जहां एक छोर पर टिककर रन बनाते रहे, वहीं पवन ने भी पाकिस्तानी गेंदबाजों पर दबाव बनाए रखने की कोशिश की।
श्रीलंका की बल्लेबाजी में कामिंदु मेंडिस की पारी सबसे बड़ा आकर्षण रही। शुरुआती विकेट गिरने के बाद भी टीम ने रन बनाने की गति बनाए रखी। कामिंदु और पवन की बल्लेबाजी ने पाकिस्तान के गेंदबाजों के सामने लगातार चुनौती पेश की।
दोनों टीमों की प्लेइंग-11
पाकिस्तान: फखर जमान, माज सदाकत, बाबर आजम, साद बेग, सलमान आगा, हसन नवाज, अराफात मिन्हास, फहीम अशरफ, शाहीन शाह अफरीदी (कप्तान), हारिस रऊफ और नसीम शाह।
श्रीलंका: अविष्का फर्नांडो, कामिंदु मेंडिस, कुसल मेंडिस (कप्तान एवं विकेटकीपर), पवन रत्नायके, दसुन शनाका, जनिथ लियानगे, सहान अराचिगे, महीश तीक्षणा, दुनिथ वेलालगे, असिथा फर्नांडो और दिलशान मदुशंका।
पाकिस्तान के सामने अब बल्लेबाजी की बड़ी चुनौती
श्रीलंका की दमदार बल्लेबाजी के बाद अब पाकिस्तान के बल्लेबाजों पर भी बड़ी जिम्मेदारी होगी। मेजबान टीम के सामने लक्ष्य का पीछा करते हुए बेहतर प्रदर्शन करने की चुनौती रहेगी। पाकिस्तान की ओर से फखर जमान, बाबर आजम, सलमान आगा और अन्य बल्लेबाजों से टीम को बड़ी पारियों की उम्मीद होगी। गेंदबाजी में अपेक्षित सफलता नहीं मिलने के बाद पाकिस्तान को बल्लेबाजी के दम पर मुकाबले में वापसी करनी होगी।
वनडे ट्राई सीरीज का यह फाइनल मुकाबला दोनों टीमों के लिए महत्वपूर्ण है। श्रीलंका ने कामिंदु मेंडिस के शानदार शतक और अन्य बल्लेबाजों के सहयोग से पाकिस्तान के सामने कड़ी चुनौती रखी है। अब मुकाबले का रुख पाकिस्तान की बल्लेबाजी पर निर्भर करेगा। कामिंदु की 131 रनों की पारी ने फाइनल को रोमांचक बना दिया है और श्रीलंका को खिताब की दौड़ में मजबूत स्थिति प्रदान की है।
