लखनऊ। उत्तर प्रदेश में चुनावी गतिविधियां तेज होने के साथ ही राजनीतिक बयानबाजी और पोस्टर वार भी सुर्खियों में आने लगे हैं। इसी बीच लखनऊ में उत्तर प्रदेश कांग्रेस कमेटी के प्रदेश मुख्यालय के बाहर लगाए गए एक विवादित होर्डिंग को लेकर नया राजनीतिक विवाद खड़ा हो गया है। होर्डिंग में मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ बेहद तीखी भाषा का इस्तेमाल करते हुए उनके इस्तीफे की मांग की गई है।
कांग्रेस मुख्यालय के बाहर लगा विवादित होर्डिंग
मॉल एवेन्यू स्थित उत्तर प्रदेश कांग्रेस कमेटी कार्यालय के बाहर लगाए गए इस होर्डिंग को कांग्रेस के अल्पसंख्यक विभाग के प्रदेश उपाध्यक्ष हसीब खान की ओर से लगवाया गया बताया गया है। इसमें मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार पर चुनाव प्रक्रिया को लेकर गंभीर आरोप लगाए गए हैं। होर्डिंग में उनके खिलाफ आपत्तिजनक शब्दों का इस्तेमाल करते हुए इस्तीफे की मांग की गई है।
होर्डिंग में क्या लिखा गया?
होर्डिंग पर लोकतंत्र और चुनाव प्रक्रिया को लेकर तीखा संदेश लिखा गया है। इसमें ज्ञानेश कुमार को निशाना बनाते हुए उन्हें ‘देशद्रोही’ बताया गया और इस्तीफा देने की मांग की गई। साथ ही होर्डिंग में यह भी मांग की गई कि मुख्य चुनाव आयुक्त का समर्थन करने वालों के खिलाफ देशद्रोह का मुकदमा दर्ज किया जाए। इस तरह की भाषा के कारण मामला राजनीतिक विवाद का विषय बन गया है।
होर्डिंग पर कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं राहुल गांधी, मल्लिकार्जुन खरगे और प्रियंका गांधी वाड्रा समेत पार्टी के अन्य नेताओं की तस्वीरें भी दिखाई गई हैं। हालांकि, उपलब्ध रिपोर्ट में इन नेताओं की ओर से इस होर्डिंग को लेकर कोई अलग बयान दर्ज नहीं है।
हसीब खान ने चुनाव आयोग पर उठाए सवाल
होर्डिंग लगवाने वाले हसीब खान ने चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली को लेकर सवाल उठाए हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस और विपक्षी दल लंबे समय से चुनाव आयोग के कथित एकतरफा और पक्षपातपूर्ण रवैये के खिलाफ आवाज उठाते रहे हैं। उन्होंने चुनाव प्रक्रिया और मतदाता सूचियों को लेकर भी गंभीर आरोप लगाए हैं। ये आरोप हसीब खान के राजनीतिक दावे हैं और उपलब्ध रिपोर्ट में इनके स्वतंत्र सत्यापन की जानकारी नहीं दी गई है।
राहुल गांधी को लेकर भी किया दावा
हसीब खान ने दावा किया कि वर्ष 2029 में राहुल गांधी प्रधानमंत्री बनेंगे। उन्होंने आरोप लगाया कि इसी कथित राजनीतिक परिस्थिति के कारण चुनाव आयोग के माध्यम से चुनावी प्रक्रिया और मतदाता सूचियों को प्रभावित करने की कोशिश की जा रही है। यह भी उनका राजनीतिक दावा है, जिसे स्वतंत्र तथ्य के रूप में स्थापित नहीं किया गया है।
कौन हैं ज्ञानेश कुमार?
भारत निर्वाचन आयोग की आधिकारिक वेबसाइट के अनुसार ज्ञानेश कुमार वर्तमान में देश के मुख्य निर्वाचन आयुक्त हैं। उन्होंने फरवरी 2025 में भारत के 26वें मुख्य निर्वाचन आयुक्त के रूप में पदभार संभाला था। निर्वाचन आयोग संवैधानिक संस्था है, जो देश में लोकसभा, राज्य विधानसभाओं सहित विभिन्न चुनावों के संचालन की जिम्मेदारी निभाती है।
लखनऊ में कांग्रेस कार्यालय के बाहर लगाए गए इस होर्डिंग ने चुनावी माहौल के बीच राजनीतिक बहस को और तेज कर दिया है। फिलहाल विवाद का केंद्र होर्डिंग में इस्तेमाल की गई भाषा, मुख्य निर्वाचन आयुक्त पर लगाए गए आरोप और चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली को लेकर उठाए गए राजनीतिक सवाल हैं।
