जून की भीषण गर्मी लोगों की परीक्षा ले रही है। तापमान लगातार 42 से 45 डिग्री सेल्सियस के पार पहुंच रहा है और लू के थपेड़े लोगों की सेहत पर गंभीर असर डाल रहे हैं। सबसे ज्यादा मुश्किल उन लोगों के सामने है जो रोजाना घंटों धूप में काम करते हैं, जैसे मजदूर, किसान, डिलीवरी बॉय और ट्रैफिक पुलिसकर्मी। ऐसे मौसम में थोड़ी सी लापरवाही भी हीट स्ट्रोक जैसी गंभीर समस्या को जन्म दे सकती है। इसलिए काम के साथ-साथ शरीर की देखभाल करना भी बेहद जरूरी हो जाता है।

शरीर को हाइड्रेट और ठंडा रखना है सबसे जरूरी

तेज धूप में लंबे समय तक रहने वाले लोगों को अपने शरीर में पानी की कमी नहीं होने देनी चाहिए। घर से निकलने से पहले पर्याप्त मात्रा में पानी पीना और साथ में पानी की बोतल रखना जरूरी है। सिर्फ प्यास लगने पर ही नहीं, बल्कि थोड़ी-थोड़ी देर में पानी पीते रहना चाहिए। इसके अलावा नींबू पानी, नारियल पानी, छाछ और घर में बने शरबत शरीर को ठंडा रखने में मदद करते हैं। बाहर से लौटने के बाद तुरंत बर्फ जैसा ठंडा पानी पीने के बजाय सामान्य तापमान वाला पानी लेना बेहतर होता है। साथ ही हल्के रंग और ढीले कपड़े पहनने से शरीर में हवा का संचार बना रहता है और गर्मी कम महसूस होती है।

धूप से लौटने के बाद न करें ये आम गलतियां

अक्सर लोग तेज धूप से घर आते ही सीधे पंखे या एसी के सामने बैठ जाते हैं, लेकिन यह आदत शरीर को नुकसान पहुंचा सकती है। बाहर से आने के बाद कुछ मिनट आराम करना चाहिए ताकि शरीर का तापमान सामान्य हो सके। इसके बाद चेहरा, हाथ और पैरों को ठंडे पानी से धोना चाहिए। यदि संभव हो तो स्नान भी किया जा सकता है, जिससे शरीर को राहत मिलती है और थकान कम होती है। गर्मी में काम करने के बाद तरबूज, खरबूजा, खीरा और संतरा जैसे ताजे फलों का सेवन भी फायदेमंद माना जाता है। इनमें पानी की मात्रा अधिक होती है, जो शरीर को हाइड्रेट रखने के साथ ऊर्जा भी प्रदान करती है।

हीट स्ट्रोक के संकेत पहचानें, लापरवाही न बरतें

गर्मी के मौसम में स्वास्थ्य संबंधी संकेतों को नजरअंदाज करना भारी पड़ सकता है। यदि काम के दौरान सिरदर्द, अत्यधिक पसीना, चक्कर आना, कमजोरी या भ्रम जैसी समस्याएं महसूस हों तो इन्हें सामान्य थकान समझकर अनदेखा नहीं करना चाहिए। डॉक्टरों के अनुसार ये हीट स्ट्रोक के शुरुआती लक्षण हो सकते हैं। ऐसी स्थिति में तुरंत छायादार स्थान पर जाएं, पानी पिएं और कुछ समय आराम करें। थोड़ी सी सावधानी और सही आदतों को अपनाकर गर्मियों में खुद को सुरक्षित रखा जा सकता है और गंभीर स्वास्थ्य समस्याओं से बचा जा सकता है।