erere | Source: erereकोलंबो। श्रीलंका के खिलाफ कोलंबो में खेले जा रहे दूसरे टेस्ट मैच में भारत के युवा विकेटकीपर-बल्लेबाज ध्रुव जुरेल ने शानदार बल्लेबाजी करते हुए नाबाद 115 रन की ऐतिहासिक पारी खेली। नंबर-7 पर बल्लेबाजी करने उतरे जुरेल ने मुश्किल परिस्थितियों में धैर्य और आक्रामकता का शानदार संतुलन दिखाया। उनकी इस पारी के साथ ही कई रिकॉर्ड उनके नाम दर्ज हो गए।

जुरेल की 115 रन की नाबाद पारी उनके टेस्ट करियर की सर्वश्रेष्ठ पारी है। इस शतक के दौरान उन्होंने न केवल भारतीय टीम के लिए महत्वपूर्ण रन जोड़े, बल्कि श्रीलंका की धरती पर निचले क्रम में शानदार बल्लेबाजी करने वाले भारतीय खिलाड़ियों की सूची में भी अपना नाम दर्ज करा लिया।

श्रीलंका में नंबर-7 पर शतक लगाने वाले दूसरे भारतीय बने जुरेल

ध्रुव जुरेल ने श्रीलंका में नंबर-7 या उससे नीचे बल्लेबाजी करते हुए टेस्ट शतक लगाने के मामले में खास उपलब्धि हासिल की है। वह इस रिकॉर्ड को बनाने वाले केवल दूसरे भारतीय बल्लेबाज बने हैं। उनसे पहले यह कारनामा हार्दिक पंड्या ने किया था।

हार्दिक पंड्या ने वर्ष 2017 में पल्लेकेले टेस्ट के दौरान नंबर-7 पर बल्लेबाजी करते हुए 108 रन की आक्रामक पारी खेली थी। अब करीब सात साल बाद ध्रुव जुरेल ने श्रीलंका की धरती पर निचले क्रम से बल्लेबाजी करते हुए शतक जड़कर इस खास सूची में जगह बनाई है।

विदेशी धरती पर नंबर-7 से शतक लगाने वाले 9वें भारतीय

जुरेल की यह उपलब्धि केवल श्रीलंका तक सीमित नहीं है। विदेशी मैदानों पर भारत की ओर से नंबर-7 पर बल्लेबाजी करते हुए टेस्ट शतक लगाने वाले बल्लेबाजों की सूची में भी उन्होंने अपना नाम दर्ज करा लिया है।

ध्रुव जुरेल विदेशी टेस्ट मैचों में नंबर-7 पर शतक लगाने वाले भारत के कुल 9वें बल्लेबाज बन गए हैं। उनकी 115 रन की नाबाद पारी ने उन्हें भारतीय क्रिकेट के उन चुनिंदा बल्लेबाजों के साथ खड़ा कर दिया है, जिन्होंने विदेशी परिस्थितियों में निचले क्रम पर उतरकर शतक जमाया है।

विश्व टेस्ट चैंपियनशिप में भी बनाया बड़ा भारतीय रिकॉर्ड

ध्रुव जुरेल ने अपनी इस पारी के दौरान विश्व टेस्ट चैंपियनशिप के इतिहास में भी एक खास भारतीय रिकॉर्ड अपने नाम कर लिया। विदेशी मैदानों पर विश्व टेस्ट चैंपियनशिप में नंबर-7 या उससे निचले क्रम पर बल्लेबाजी करते हुए भारत के लिए सबसे बड़ी व्यक्तिगत पारी का रिकॉर्ड अब जुरेल के नाम हो गया है।

इससे पहले यह रिकॉर्ड नितीश कुमार रेड्डी के नाम था, जिन्होंने 2024 में मेलबर्न में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ 114 रन बनाए थे। जुरेल ने नाबाद 115 रन बनाकर नितीश कुमार रेड्डी के 114 रन के रिकॉर्ड को पीछे छोड़ दिया। इस सूची में रविंद्र जडेजा भी शामिल हैं, जिन्होंने 2022 में बर्मिंघम में इंग्लैंड के खिलाफ 104 रन की पारी खेली थी।

श्रीलंका में विदेशी बल्लेबाजों की खास सूची में भी नाम

ध्रुव जुरेल की 115 रन की नाबाद पारी श्रीलंका की धरती पर निचले क्रम के विदेशी बल्लेबाजों के बीच भी बेहद खास रही। श्रीलंका में नंबर-7 या उससे नीचे बल्लेबाजी करते हुए किसी विदेशी बल्लेबाज द्वारा बनाए गए सबसे बड़े स्कोर की सूची में जुरेल की पारी चौथे स्थान पर पहुंच गई है।

इस सूची में न्यूजीलैंड के दिग्गज रिचर्ड हैडली सबसे ऊपर हैं। उन्होंने 1987 में 151 रन की नाबाद पारी खेली थी। इसके बाद न्यूजीलैंड के डेनियल विटोरी का नाम आता है, जिन्होंने 2009 में 140 रन बनाए थे। पाकिस्तान के सलमान आगा ने 2023 में नाबाद 132 रन की पारी खेली थी और वह इस सूची में तीसरे स्थान पर हैं।

जुरेल ने 115 रन की नाबाद पारी खेलकर इस खास सूची में चौथा स्थान हासिल किया है। इस तरह उनकी पारी ने श्रीलंका की परिस्थितियों में निचले क्रम से बल्लेबाजी करने वाले विदेशी खिलाड़ियों के बीच भी अपनी अलग पहचान बना ली।

मुश्किल समय में जुरेल की बल्लेबाजी बनी टीम के लिए अहम

नंबर-7 पर बल्लेबाजी करने वाले खिलाड़ी से अक्सर टीम को निचले क्रम में उपयोगी रन की उम्मीद रहती है, लेकिन ध्रुव जुरेल ने कोलंबो टेस्ट में इस भूमिका को बड़ी पारी में बदल दिया। उन्होंने नाबाद 115 रन बनाकर न केवल व्यक्तिगत उपलब्धि हासिल की, बल्कि टीम के लिए भी महत्वपूर्ण योगदान दिया।

उनकी पारी की खास बात यह रही कि उन्होंने लंबे समय तक क्रीज पर टिककर बल्लेबाजी की और अपनी पारी को शतक तक पहुंचाया। टेस्ट क्रिकेट में निचले क्रम पर बल्लेबाजी करते हुए इस तरह की बड़ी पारी टीम के लिए अतिरिक्त मजबूती का काम करती है।

नितीश कुमार रेड्डी और रविंद्र जडेजा का रिकॉर्ड भी पीछे छूटा

विश्व टेस्ट चैंपियनशिप के विदेशी मैचों में भारत के लिए नंबर-7 या उससे नीचे सबसे बड़ी व्यक्तिगत पारी खेलने के मामले में जुरेल ने नितीश कुमार रेड्डी और रविंद्र जडेजा को पीछे छोड़ दिया है।

नितीश कुमार रेड्डी ने मेलबर्न में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ 114 रन बनाए थे, जबकि रविंद्र जडेजा ने बर्मिंघम में इंग्लैंड के खिलाफ 104 रन की पारी खेली थी। अब ध्रुव जुरेल के नाम 115 रन की नाबाद पारी दर्ज हो गई है, जिससे वह इस रिकॉर्ड सूची में सबसे ऊपर पहुंच गए हैं।

2024 के बाद भारत को निचले क्रम से मिला नया टेस्ट शतक

भारत के लिए निचले क्रम में बल्लेबाजी करते हुए आखिरी टेस्ट शतक दिसंबर 2024 में नितीश कुमार रेड्डी ने लगाया था। अब ध्रुव जुरेल ने 115 रन की नाबाद पारी खेलकर इस सिलसिले को आगे बढ़ाया है।

जुरेल के शतक ने एक बार फिर यह दिखाया कि भारतीय टीम के निचले क्रम के बल्लेबाज भी जरूरत पड़ने पर बड़ी पारियां खेलने की क्षमता रखते हैं। विकेटकीपर-बल्लेबाज के तौर पर टीम में अपनी भूमिका निभाने वाले जुरेल ने इस पारी के जरिए टेस्ट क्रिकेट में अपनी बल्लेबाजी क्षमता का मजबूत प्रदर्शन किया है।

सात साल बाद फिर गूंजा हार्दिक पंड्या का रिकॉर्ड

श्रीलंका में नंबर-7 या उससे नीचे शतक लगाने के मामले में हार्दिक पंड्या का नाम लंबे समय से दर्ज था। 2017 में पल्लेकेले टेस्ट में 108 रन की आक्रामक पारी खेलने वाले पंड्या के बाद अब ध्रुव जुरेल ने 115 रन की नाबाद पारी खेलकर उसी खास रिकॉर्ड सूची में जगह बना ली है।

इस उपलब्धि के साथ जुरेल ने विदेशी परिस्थितियों में निचले क्रम पर बल्लेबाजी करने की अपनी क्षमता का परिचय दिया है। खास बात यह है कि उन्होंने यह उपलब्धि श्रीलंका के खिलाफ कोलंबो टेस्ट में हासिल की, जहां उनकी पारी रिकॉर्ड के लिहाज से कई स्तरों पर महत्वपूर्ण साबित हुई।

ध्रुव जुरेल की पारी ने बनाया रिकॉर्ड्स का पूरा सिलसिला

कोलंबो टेस्ट में ध्रुव जुरेल की नाबाद 115 रन की पारी को इसलिए खास माना जा रहा है क्योंकि इसके साथ एक साथ कई उपलब्धियां जुड़ गईं। वह श्रीलंका में नंबर-7 या उससे नीचे शतक लगाने वाले दूसरे भारतीय बने, विदेशी टेस्ट में नंबर-7 पर शतक लगाने वाले 9वें भारतीय बल्लेबाज बने और विश्व टेस्ट चैंपियनशिप में विदेशी मैदानों पर इसी क्रम पर भारत की ओर से सबसे बड़ी व्यक्तिगत पारी का रिकॉर्ड भी अपने नाम कर लिया।

इसके अलावा श्रीलंका में नंबर-7 या उससे नीचे विदेशी बल्लेबाजों के सबसे बड़े स्कोर की सूची में भी उनकी पारी चौथे स्थान पर पहुंच गई। इन आंकड़ों ने उनकी 115 रन की नाबाद पारी को भारतीय क्रिकेट के लिहाज से बेहद खास बना दिया है।