चीन से जुड़ा टैंकर ‘यू-टर्न’ लेकर लौटा, होर्मुज़ में अमेरिका की नाकेबंदी को परखा

दुनिया के सबसे संवेदनशील समुद्री रास्तों में से एक होर्मुज़ जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) में उस समय हलचल मच गई, जब चीन से जुड़ा एक तेल टैंकर अचानक अपना रास्ता बदलकर वापस लौट गया। यह घटना ऐसे समय हुई है जब अमेरिका ने इस इलाके में सख्त निगरानी और नाकेबंदी जैसी स्थिति बना रखी है।


‘रिच स्टार्री’ (Rich Starry) नाम का यह टैंकर मंगलवार सुबह होर्मुज़ जलडमरूमध्य से होकर गुज़रा था। यह जहाज़ खास तौर पर इसलिए चर्चा में था क्योंकि इसे अमेरिका ने पहले ही ब्लैकलिस्ट कर रखा है। अमेरिका का आरोप है कि यह टैंकर ईरान को ऊर्जा प्रतिबंधों से बचने में मदद करता रहा है।

बताया जा रहा है कि जैसे ही यह जहाज़ होर्मुज़ पार कर ओमान की खाड़ी (Gulf of Oman) में पहुंचा, उसने अचानक अपना रुख बदल लिया और वापस लौटने लगा। इस पूरी गतिविधि पर अमेरिकी एजेंसियों की कड़ी नजर थी, क्योंकि इसे अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump की नई समुद्री रणनीति की ‘पहली परीक्षा’ के तौर पर देखा जा रहा था।


विशेषज्ञों का मानना है कि यह टैंकर जानबूझकर इस मार्ग से गुज़रा ताकि यह देखा जा सके कि अमेरिका की नाकेबंदी कितनी सख्त है और क्या वह ऐसे जहाज़ों को रोकने में सक्षम है या नहीं। लेकिन जैसे ही खतरे की आशंका बढ़ी, टैंकर ने सुरक्षित रास्ता अपनाते हुए वापस लौटने का फैसला किया।

होर्मुज़ जलडमरूमध्य दुनिया के सबसे महत्वपूर्ण तेल मार्गों में से एक है, जहां से हर दिन बड़ी मात्रा में कच्चा तेल गुजरता है। इस इलाके में किसी भी तरह की सैन्य गतिविधि या तनाव का असर सीधे तौर पर वैश्विक तेल बाजार पर पड़ता है।


इस घटना ने एक बार फिर अमेरिका, चीन और ईरान के बीच बढ़ते तनाव को उजागर कर दिया है। चीन और रूस पहले ही ईरान के समर्थन में कई बार बयान दे चुके हैं, जिससे स्थिति और जटिल होती जा रही है। ऐसे में इस टैंकर का यू-टर्न लेना यह संकेत देता है कि समुद्री क्षेत्र में टकराव का खतरा अभी भी बना हुआ है।