पटना। बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री और मंडल आयोग के अध्यक्ष रहे स्व. बिंदेश्वरी प्रसाद मंडल की जयंती पर मंगलवार को पटना में राजकीय समारोह आयोजित किया गया। देशरत्न मार्ग-सर्कुलर पथ चौराहे पर उनकी आदमकद प्रतिमा पर राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल (सेवानिवृत्त) सैयद अता हसनैन और मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने माल्यार्पण कर श्रद्धांजलि अर्पित की।
बिंदेश्वरी प्रसाद मंडल का नाम देश में सामाजिक न्याय की राजनीति से महत्वपूर्ण रूप से जुड़ा रहा है। वे वर्ष 1968 में बिहार के मुख्यमंत्री बने थे। हालांकि उनका मुख्यमंत्री के रूप में कार्यकाल करीब एक महीने का ही रहा, लेकिन बाद के वर्षों में पिछड़े वर्गों से जुड़े मुद्दों पर उनका योगदान राष्ट्रीय स्तर पर चर्चा में आया।
1979 में तत्कालीन केंद्र सरकार ने उन्हें द्वितीय पिछड़ा वर्ग आयोग का अध्यक्ष नियुक्त किया। मंडल के नेतृत्व में आयोग ने सामाजिक और शैक्षणिक रूप से पिछड़े वर्गों की स्थिति का अध्ययन कर अपनी रिपोर्ट तैयार की। आयोग ने अन्य पिछड़ा वर्ग (OBC) के लिए सरकारी नौकरियों में 27 प्रतिशत आरक्षण की सिफारिश की। आयोग की रिपोर्ट दिसंबर 1980 में प्रस्तुत की गई थी और बाद में 1990 में इसकी सिफारिशों को लागू करने का निर्णय लिया गया।
राजकीय समारोह में उपमुख्यमंत्री विजय कुमार चौधरी, ग्रामीण विकास मंत्री श्रवण कुमार, सहकारिता मंत्री राम कृपाल यादव, विधायक श्याम रजक, विधान पार्षद संजय कुमार सिंह उर्फ गांधीजी सहित कई जनप्रतिनिधि मौजूद रहे। स्व. मंडल के पौत्र डॉ. मनीष मंडल और उनके परिजनों ने भी प्रतिमा पर पुष्प अर्पित कर श्रद्धांजलि दी।
कार्यक्रम में सूचना एवं जनसंपर्क विभाग के कलाकारों ने आरती-पूजन के साथ बिहार गीत, राष्ट्रीय गीत और देशभक्ति गीतों की प्रस्तुति दी। राष्ट्रगान के साथ समारोह संपन्न
हुआ।
