औरंगाबाद । बिहार प्रदेश कांग्रेस कमेटी की ओर से औरंगाबाद के अम्बा स्थित राजलक्ष्मी रिजॉर्ट में आयोजित 20 जिलों के नवनिर्वाचित प्रखंड अध्यक्षों का दो दिवसीय आवासीय प्रशिक्षण शिविर शनिवार को संपन्न हो गया। शिविर के अंतिम दिन पार्टी ने मौजूदा राजनीतिक परिस्थितियों में अपनी भूमिका, जन लामबंदी के आधुनिक तरीकों और संगठन को मजबूत करने की रणनीति पर चर्चा की। इसके साथ ही मीडिया और सोशल मीडिया के प्रभावी इस्तेमाल तथा राजनीति में महिलाओं की भागीदारी बढ़ाने पर भी जोर दिया गया।
शिविर के समापन सत्र में बिहार कांग्रेस प्रभारी कृष्णा अल्लावरु ने प्रखंड अध्यक्षों को संगठन की मजबूती के लिए वैचारिक रूप से तैयार रहने की जरूरत बताई। उन्होंने कहा कि सरकार चला रहे लोग समाज और देश को तोड़ने का काम कर रहे हैं, जबकि राहुल गांधी भारत जोड़ो यात्रा के माध्यम से लोगों को जोड़ने की बात कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि आपसी एकता और सहमति से ही देश को मजबूत बनाया जा सकता है। पार्टी और समाज को अनुशासन के साथ साथ लेकर चलना जरूरी है।
अल्लावरु ने कहा कि कांग्रेस ने देश में लोकतंत्र को स्थापित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। ऐसे में प्रखंड अध्यक्षों की वैचारिक मजबूती के लिए इस तरह का प्रशिक्षण जरूरी है। उन्होंने प्रखंड अध्यक्षों को पार्टी की रीढ़ बताते हुए संगठन को जमीनी स्तर पर मजबूत करने का आह्वान किया।
समापन सत्र को संबोधित करते हुए बिहार प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष राजेश राम ने कहा कि ‘संगच्छध्वं संबदध्वं’ का सूत्र सभी को साथ लेकर चलने और एक-दूसरे के विचारों का सम्मान करने का संदेश देता है। कांग्रेस हमेशा इस विचार का सम्मान करती रही है। उन्होंने कहा कि पंचायत के एक कार्यकर्ता से लेकर प्रदेश अध्यक्ष तक सभी एक सूत्र में बंधे हैं और एक-दूसरे का सम्मान करते हैं।
राजेश राम ने कहा कि देश निर्माण में प्रत्येक कार्यकर्ता की भूमिका महत्वपूर्ण है। एक-दूसरे से संवाद करना और सम्मान देना कांग्रेस के संस्कार का हिस्सा है। उन्होंने संगठन के सभी स्तरों के बीच बेहतर समन्वय और संवाद पर जोर दिया।
प्रशिक्षण शिविर के दौरान पार्टी नेताओं और प्रशिक्षकों ने संगठन विस्तार, वर्तमान राजनीतिक परिस्थितियों, जनसंपर्क और जन लामबंदी के नए तरीकों पर कार्यकर्ताओं को जानकारी दी। मीडिया और सोशल मीडिया के माध्यम से पार्टी की बात आम लोगों तक पहुंचाने की रणनीति पर भी चर्चा हुई। महिलाओं की राजनीतिक भागीदारी बढ़ाने और संगठन में उनकी भूमिका को मजबूत करने पर भी जोर दिया गया।
प्रशिक्षण शिविर का संचालन संयोजक प्रो. रंजीत मिश्र ने किया, जबकि विभिन्न सत्रों का संचालन प्रशिक्षक राजकुमार मीणा ने किया। शिविर में असित नाथ तिवारी, कुणाल कुमार, राकेश सिंह, ऋचा, जितेन्द्र नाथ पटेल और पूर्व विधायक आनंद शंकर ने प्रशिक्षण दिया।
दो दिवसीय प्रशिक्षण शिविर में प्रदेश कांग्रेस के प्रवक्ता पंकज यादव, डॉ. अमन कुमार, सत्येंद्र नारायण, अरविंद शर्मा, डॉ. अनिता कुमारी, पूनम यादव और शैलेन्द्र मिश्र, चंद्रभूषण राजपूत समेत कई प्रमुख नेता
भी शामिल हुए।
