बिहार पंचायत चुनाव 2026 पर बयान देते पंचायती राज मंत्री दीपक प्रकाश। | Source: Chrome

बिहार पंचायत चुनाव 2026 पर बयान देते पंचायती राज मंत्री दीपक प्रकाश।Source : Chrome

बिहार में पंचायत चुनाव 2026 को लेकर चल रही चर्चाओं के बीच पंचायती राज मंत्री दीपक प्रकाश ने स्थिति स्पष्ट कर दी है। उन्होंने कहा कि सरकार की मंशा पंचायत चुनाव तय समय पर कराने की है और फिलहाल चुनाव स्थगित करने का कोई निर्णय नहीं लिया गया है। परिसीमन की प्रक्रिया जरूर चल रही है, लेकिन इसे चुनाव टालने से जोड़कर देखना सही नहीं होगा।

चुनाव टलने की अटकलों पर मंत्री का जवाब

हाल के दिनों में ऐसी खबरें सामने आई थीं कि पंचायतों के नए परिसीमन के कारण बिहार में पंचायत चुनाव अगले वर्ष तक टाले जा सकते हैं। इन दावों पर प्रतिक्रिया देते हुए मंत्री दीपक प्रकाश ने कहा कि सरकार चुनाव समय पर कराने के लिए पूरी गंभीरता से तैयारी कर रही है। उन्होंने स्पष्ट किया कि चुनाव स्थगित करने का कोई आधिकारिक फैसला नहीं हुआ है।

2011 की जनगणना के आधार पर होगा परिसीमन

राज्य सरकार ने ग्राम पंचायत, पंचायत समिति और जिला परिषद क्षेत्रों का नए सिरे से परिसीमन कराने का निर्णय लिया है। यह प्रक्रिया 2011 की जनगणना के आंकड़ों के आधार पर होगी। पिछले कई दशकों में आबादी और भौगोलिक स्थिति में आए बदलाव को देखते हुए सरकार पंचायतों की सीमाओं का पुनर्निर्धारण करना चाहती है, ताकि प्रतिनिधित्व अधिक संतुलित हो सके।

मीडिया रिपोर्ट्स पर भी दी सफाई

कुछ रिपोर्ट्स में दावा किया गया था कि परिसीमन की प्रक्रिया अगस्त 2026 से शुरू होकर अप्रैल 2027 तक चलेगी और उसके बाद आरक्षण की प्रक्रिया पूरी होने पर ही चुनाव कराए जाएंगे। मंत्री ने इन दावों को आधिकारिक जानकारी से अलग बताते हुए कहा कि सरकार ने ऐसी कोई घोषणा नहीं की है। उनका कहना है कि पंचायत चुनाव इस वर्ष के अंत तक कराने का लक्ष्य बरकरार है।

नए परिसीमन से क्या बदलेगा?

सरकार का मानना है कि नए परिसीमन के बाद पंचायतों की सीमाएं वर्तमान जनसंख्या के अनुरूप तय होंगी। इससे ग्रामीण क्षेत्रों को बेहतर प्रतिनिधित्व मिलेगा और पंचायतों में सामाजिक तथा भौगोलिक संतुलन भी मजबूत होगा।

2021 की स्थिति से अलग है मौजूदा हालात

मंत्री ने संकेत दिया कि इस बार की स्थिति 2021 जैसी नहीं है, जब कोरोना महामारी के कारण पंचायत चुनाव स्थगित करने पड़े थे। फिलहाल ऐसी कोई असाधारण परिस्थिति नहीं है और सरकार समय पर चुनाव कराने की दिशा में काम कर रही है। इसलिए पंचायत चुनाव अगले साल टलने की खबरों की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।