CM से मुलाकात पर उठे सवालों का अभय कुशवाहा ने दिया जवाब Source : NBT
पटना/औरंगाबाद: बिहार के औरंगाबाद से राष्ट्रीय जनता दल (RJD) के सांसद अभय कुशवाहा को लेकर बिहार की सियासत गरमा गई है। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी से उनकी मुलाकात के बाद उनके बीजेपी में शामिल होने की चर्चाएं तेज हो गई थीं। हालांकि, शुक्रवार को शाहपुर स्थित अपने कार्यालय में आयोजित प्रेस वार्ता में अभय कुशवाहा ने इन सभी अटकलों को सिरे से खारिज कर दिया। उन्होंने कहा कि वह लालू प्रसाद यादव और तेजस्वी यादव के साथ मजबूती से खड़े हैं। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा, “मैं राष्ट्रीय जनता दल का सिपाही हूं और आगे भी रहूंगा। भूतो न भविष्यति।”
अभय कुशवाहा ने कहा कि वह राष्ट्रीय जनता दल की विचारधारा से प्रभावित हैं और उनकी राजनीतिक शुरुआत भी आरजेडी से ही हुई थी। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी से मुलाकात की जिस तस्वीर को आधार बनाकर सोशल मीडिया और कुछ न्यूज चैनलों पर उनके बीजेपी में जाने की अटकलें लगाई जा रही हैं, वह पूरी तरह निराधार और हास्यास्पद है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री किसी एक दल या जाति के नहीं, बल्कि पूरे राज्य के होते हैं। वह अपने संसदीय क्षेत्र में चल रही विभिन्न विकास परियोजनाओं को लेकर गंभीरता से काम कर रहे हैं, इसलिए क्षेत्र की समस्याओं के समाधान के लिए मुख्यमंत्री से मुलाकात की गई थी।
औरंगाबाद के विकास से जुड़े मुद्दे CM के सामने रखे
सांसद अभय कुशवाहा ने बताया कि मुख्यमंत्री से मुलाकात पूरी तरह औरंगाबाद संसदीय क्षेत्र के विकास को लेकर थी। उन्होंने क्षेत्र की पांच प्रमुख समस्याओं को मुख्यमंत्री के सामने रखा। इनमें छकरबंधा से देव-कचनपुर तक नई सड़क का निर्माण, इमामगंज सहित तीन विधानसभा क्षेत्रों के लोगों को 75 किलोमीटर की अतिरिक्त दूरी तय करने से राहत देने के लिए वैकल्पिक सड़क का निर्माण, अंबा-कुटुंबा से देव को जोड़ने वाली तथा मदनपुर-गुरारू होते हुए 42 किलोमीटर लंबी सड़क को स्वीकृति देने की मांग शामिल थी।
मेडिकल कॉलेज, फोरलेन सड़क और एनर्जी प्लांट का मुद्दा भी उठाया
अभय कुशवाहा ने बताया कि उन्होंने औरंगाबाद से गुजरने वाले राजमार्ग को फोरलेन बनाने, आए दिन होने वाले सड़क हादसों पर रोक लगाने तथा जिले में मेडिकल कॉलेज खोलने की मांग भी मुख्यमंत्री के समक्ष रखी, ताकि इलाज के लिए लोगों को दूसरे जिलों पर निर्भर न रहना पड़े। इसके अलावा उत्तर कोयल नहर की वितरणी परियोजना का डीपीआर तैयार होने के बाद जल्द टेंडर जारी कर काम शुरू कराने का आग्रह किया। सांसद ने बताया कि बारुण में 500 एकड़ जमीन पर प्रस्तावित एनर्जी प्लांट का मुद्दा भी उन्होंने मुख्यमंत्री के सामने उठाया, हालांकि वह क्षेत्र उनके संसदीय क्षेत्र में नहीं आता। उन्होंने कहा कि जनता की समस्याओं के समाधान के लिए वह हर स्तर पर प्रयास करते रहेंगे और विकास के मुद्दों पर सरकार से लगातार संवाद बनाए रखेंगे।
