गर्मी का मौसम आते ही रेलवे स्टेशन, बस अड्डों और बाजारों में खीरे की बिक्री काफी बढ़ जाती है। लोग इसे शरीर को ठंडक देने वाला और हेल्दी खाद्य पदार्थ मानते हैं। खासकर ट्रेन यात्रा के दौरान कई लोग स्टेशन से खीरा खरीदकर खाना पसंद करते हैं। लेकिन इन दिनों सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे एक वीडियो ने लोगों को सोचने पर मजबूर कर दिया है। वीडियो देखने के बाद कई लोग अब बाहर से खीरा खरीदने में डर महसूस कर रहे हैं।
सोशल मीडिया पर वायरल इस वीडियो में दावा किया जा रहा है कि पुराने और सफेद पड़ चुके खीरों को किसी केमिकल की मदद से दोबारा हरा और ताजा बनाया जा रहा है। वीडियो सामने आने के बाद इंटरनेट पर लोगों का गुस्सा फूट पड़ा है। कई यूजर्स ने इसे लोगों की सेहत के साथ खिलवाड़ बताया है।
वीडियो में क्या दिख रहा है? वायरल वीडियो में एक बुजुर्ग महिला रेलवे स्टेशन के पास बैठी नजर आती है। उसके सामने कई खीरे रखे हुए दिखाई देते हैं, जिनका रंग फीका और सफेद सा नजर आता है। वीडियो में महिला उन खीरों को एक डिब्बे में भरे किसी तरल पदार्थ में डुबोती दिखाई देती है। कुछ ही सेकंड बाद वही खीरे चमकदार हरे रंग के और बिल्कुल ताजे दिखाई देने लगते हैं।
यह वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गया। वीडियो देखने के बाद लोग हैरान रह गए और सवाल उठाने लगे कि आखिर खीरों को हरा करने के लिए किस चीज का इस्तेमाल किया जा रहा है। कई लोगों ने कहा कि अगर सच में ऐसा हो रहा है तो यह लोगों की सेहत के लिए बेहद खतरनाक हो सकता है।
क्या इस्तेमाल हो रहा था केमिकल? हालांकि वायरल वीडियो में दिखाई दे रहे तरल पदार्थ की आधिकारिक पुष्टि अभी तक नहीं हुई है। यह साफ नहीं है कि महिला किस चीज का इस्तेमाल कर रही थी। लेकिन फूड एक्सपर्ट्स का कहना है कि कई बार फल और सब्जियों को ज्यादा ताजा और चमकदार दिखाने के लिए कुछ लोग हानिकारक केमिकल या रंगों का इस्तेमाल करते हैं।
रिपोर्ट्स के मुताबिक कुछ मामलों में कॉपर सल्फेट, आर्टिफिशियल कलर या दूसरे रासायनिक पदार्थों का इस्तेमाल किए जाने की बातें पहले भी सामने आ चुकी हैं। ये केमिकल फल और सब्जियों को बाहर से आकर्षक बना देते हैं, लेकिन शरीर के लिए नुकसानदायक हो सकते हैं।
विशेषज्ञों का कहना है कि ऐसे केमिकल्स से पेट दर्द, उल्टी, एलर्जी और दूसरी स्वास्थ्य समस्याएं हो सकती हैं। लंबे समय तक ऐसे पदार्थों का सेवन शरीर के लिए और भी ज्यादा हानिकारक साबित हो सकता है।
सोशल मीडिया पर लोगों का गुस्सा वीडियो वायरल होने के बाद सोशल मीडिया पर लोगों ने जमकर प्रतिक्रिया दी। कई यूजर्स ने कहा कि अब बाहर से कुछ भी खाने से पहले कई बार सोचना पड़ेगा। एक यूजर ने लिखा, “अब ट्रेन में खीरा खरीदने से पहले 100 बार सोचना पड़ेगा।” वहीं दूसरे यूजर ने कहा, “कुछ लोग पैसे कमाने के लिए लोगों की जान से खेल रहे हैं।”
कई लोगों ने रेलवे प्रशासन और फूड सेफ्टी विभाग से मामले की जांच की मांग की है। लोगों का कहना है कि अगर इस तरह की चीजें सच में हो रही हैं तो जिम्मेदार लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होनी चाहिए।
हालांकि कुछ सोशल मीडिया यूजर्स ने यह भी कहा कि वीडियो की सच्चाई सामने आए बिना किसी नतीजे पर पहुंचना सही नहीं होगा। उनका कहना है कि जरूरी नहीं कि वीडियो में दिखाया गया तरल पदार्थ खतरनाक केमिकल ही हो। इसलिए पहले इसकी जांच होनी चाहिए।
बाहर का खाना खरीदते समय बरतें सावधानी विशेषज्ञों का कहना है कि बाहर से फल और सब्जियां खरीदते समय लोगों को सावधान रहना चाहिए। अगर कोई फल या सब्जी जरूरत से ज्यादा चमकदार या असामान्य रंग की दिखाई दे तो उसे खरीदने से बचना चाहिए। खाने से पहले फल और सब्जियों को अच्छी तरह धोना भी जरूरी है।
गर्मी के मौसम में लोग सफर के दौरान अक्सर कटे हुए फल और खीरा खरीद लेते हैं, लेकिन कोशिश करनी चाहिए कि साफ-सफाई का ध्यान रखा जाए। जहां तक संभव हो, भरोसेमंद जगहों से ही खाने-पीने की चीजें खरीदनी चाहिए।
