नई दिल्ली। राष्ट्रीय पात्रता सह प्रवेश परीक्षा (NEET) से जुड़े विवाद और छात्रों के जारी आंदोलन के बीच विरोध का एक नया और अनोखा तरीका सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बन गया है। सड़कों पर प्रदर्शन के साथ-साथ अब बड़ी संख्या में भारतीय Gen-Z छात्र इटली की प्रधानमंत्री जॉर्जिया मेलोनी के आधिकारिक इंस्टाग्राम अकाउंट पर अपनी प्रतिक्रियाएं दर्ज करा रहे हैं। सोशल मीडिया पर पहले से लोकप्रिय ‘Melodi’ (मोदी + मेलोनी) ट्रेंड का उपयोग करते हुए छात्र अपनी मांगों और नाराजगी को डिजिटल माध्यम से व्यक्त कर रहे हैं।
सोशल मीडिया बना विरोध का नया मंच
NEET परीक्षा से जुड़े मुद्दों पर अपनी आवाज बुलंद करने के लिए छात्रों ने इस बार सोशल मीडिया को प्रमुख माध्यम बनाया है। कई छात्रों ने जॉर्जिया मेलोनी के इंस्टाग्राम पोस्ट के कमेंट सेक्शन में जाकर अपनी प्रतिक्रियाएं लिखीं। इन टिप्पणियों में व्यंग्य, हास्य और भावनात्मक अपील का मिश्रण देखने को मिला।
सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे इन कमेंट्स के कारण ‘Melodi’ ट्रेंड एक बार फिर चर्चा में आ गया है। बड़ी संख्या में इंटरनेट उपयोगकर्ता इन प्रतिक्रियाओं को साझा कर रहे हैं, जिससे यह विषय तेजी से वायरल हो रहा है।
मेलोनी के इंस्टाग्राम पर पहुंचे भारतीय छात्र
इटली की प्रधानमंत्री जॉर्जिया मेलोनी द्वारा साझा की गई तस्वीरों और पोस्ट के नीचे भारतीय छात्रों ने अपनी मांगों से जुड़े संदेश लिखे। कई छात्रों ने टिप्पणी करते हुए कहा कि यदि उनकी बात सीधे सरकार तक नहीं पहुंच रही है, तो वे सोशल मीडिया के जरिए अपनी आवाज को व्यापक स्तर तक पहुंचाने की कोशिश कर रहे हैं।
इन प्रतिक्रियाओं में कई छात्रों ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और जॉर्जिया मेलोनी की सार्वजनिक मुलाकातों तथा सोशल मीडिया पर दिखने वाली मित्रवत तस्वीरों का भी उल्लेख किया।
कमेंट सेक्शन में दिखे ऐसे संदेश
सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे कई कमेंट्स में छात्रों ने अलग-अलग अंदाज में अपनी बात रखी। कुछ ने लिखा कि मेलोनी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से NEET छात्रों की समस्याओं पर बात करें। कुछ प्रतिक्रियाओं में NTA की जांच कराने की मांग की गई, जबकि कुछ ने परीक्षा परिणाम और पेपर लीक विवाद का उल्लेख करते हुए अपनी नाराजगी व्यक्त की।
कुछ कमेंट्स में हल्के-फुल्के अंदाज में चाय, पिज्जा और ‘Melodi’ ट्रेंड का जिक्र भी किया गया। वहीं कुछ प्रतिक्रियाओं में छात्रों ने मानसिक तनाव और भविष्य को लेकर अपनी चिंता भी व्यक्त की।
‘मीम प्रोटेस्ट’ की हो रही चर्चा
सोशल मीडिया पर सामने आए इस विरोध को कई लोग ‘मीम प्रोटेस्ट’ का नाम दे रहे हैं। इसमें गंभीर मुद्दों को व्यंग्य, मीम, पॉप कल्चर और रचनात्मक संदेशों के माध्यम से लोगों तक पहुंचाने का प्रयास किया जाता है।
विशेषज्ञों का मानना है कि डिजिटल प्लेटफॉर्म पर इस तरह के अभियान कम समय में बड़ी संख्या में लोगों तक पहुंच जाते हैं। ऐसे अभियानों के माध्यम से युवा बिना किसी हिंसा या तोड़फोड़ के अपनी बात को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर चर्चा का विषय बना देते हैं।
Gen-Z की डिजिटल रणनीति बनी चर्चा का विषय
सोशल मीडिया पर सक्रिय नई पीढ़ी पारंपरिक विरोध के साथ-साथ डिजिटल माध्यमों का भी प्रभावी उपयोग कर रही है। वायरल ट्रेंड, मीम, शॉर्ट वीडियो और कमेंट कैंपेन के जरिए अपनी बात लोगों तक पहुंचाने की यह रणनीति लगातार लोकप्रिय हो रही है।
NEET विवाद के बीच मेलोनी के इंस्टाग्राम अकाउंट पर भारतीय छात्रों की सक्रियता भी इसी डिजिटल विरोध का उदाहरण मानी जा रही है। इंटरनेट पर इस विषय से जुड़े स्क्रीनशॉट और वीडियो लगातार साझा किए जा रहे हैं, जिससे यह मामला सोशल मीडिया पर ट्रेंड कर रहा है।
