
ओपी राजभर ने अखिलेश यादव के बयान पर पलटवार कियाSource : Chrome
समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव के स्वतंत्रता दिवस पर दिए बयान को लेकर यूपी की सियासत गरमा गई है। कैबिनेट मंत्री ओम प्रकाश राजभर ने अखिलेश यादव पर पलटवार करते हुए उनके शासनकाल और सपा की राजनीति पर सवाल उठाए। राजभर ने कहा कि संविधान की बात करने से पहले सपा अध्यक्ष को अपने कार्यकाल पर भी नजर डालनी चाहिए।
सपा सरकार के कार्यकाल पर उठाए सवाल
ओपी राजभर ने अखिलेश यादव पर संविधान के नाम पर राजनीति करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि प्रदेश की जनता सपा सरकार के कार्यकाल को भूली नहीं है।राजभर ने दावा किया कि सपा शासन के दौरान प्रदेश में कानून-व्यवस्था को लेकर कई गंभीर घटनाएं हुईं। उन्होंने मुजफ्फरनगर दंगों का जिक्र करते हुए अखिलेश यादव की सरकार पर निशाना साधा और सवाल किया कि उस दौरान सरकार की प्राथमिकताएं क्या थीं।
आरक्षण और प्रशासनिक नियुक्तियों पर भी घेरा
कैबिनेट मंत्री ने पिछड़े वर्ग के आरक्षण और सरकारी नियुक्तियों को लेकर भी अखिलेश यादव से सवाल किए। उन्होंने आरोप लगाया कि सपा अपने शासनकाल में पिछड़े और अति पिछड़े वर्ग के हितों की बात तो करती है, लेकिन उसके कार्यकाल का रिकॉर्ड भी देखा जाना चाहिए।
आजमगढ़ के विकास का दिया उदाहरण
भाजपा के विभाजन विभीषिका स्मृति दिवस को लेकर अखिलेश यादव की टिप्पणी पर भी राजभर ने जवाब दिया। उन्होंने आजमगढ़ का उदाहरण देते हुए कहा कि भाजपा सरकार ने वहां विश्वविद्यालय बनाकर शिक्षा के क्षेत्र में काम किया है।राजभर ने कहा कि सपा आजमगढ़ को अपना राजनीतिक गढ़ बताती रही है, लेकिन उसे यह भी बताना चाहिए कि अपने शासनकाल में क्षेत्र के विकास और शिक्षा के लिए उसने क्या कदम उठाए।
तिरंगे को लेकर भी अखिलेश पर निशाना
अखिलेश यादव के भाजपा और स्वतंत्रता को लेकर दिए बयान पर राजभर ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी लंबे समय से स्वतंत्रता दिवस और गणतंत्र दिवस पर तिरंगा फहराते रहे हैं।
उन्होंने कहा कि भाजपा की तिरंगा यात्राओं के जरिए युवाओं में देशभक्ति और राष्ट्रीय भावना का संदेश दिया जा रहा है। राजभर के मुताबिक, विपक्ष का भाजपा की राष्ट्रवादी गतिविधियों पर सवाल उठाना उसकी राजनीतिक बेचैनी को दिखाता है।
PDA के मुद्दे पर भी साधा निशाना
ओपी राजभर ने अखिलेश यादव के PDA यानी पिछड़ा, दलित और अल्पसंख्यक से जुड़े राजनीतिक नारे पर भी सवाल उठाए। उन्होंने आरोप लगाया कि सपा अध्यक्ष अलग-अलग समय पर PDA की अलग व्याख्या करते हैं।राजभर ने दावा किया कि सत्ता से बाहर होने के कारण अखिलेश यादव भाजपा पर लगातार हमलावर हैं। उन्होंने कहा कि जनता अब नेताओं के बयानों और उनके पुराने कामकाज के बीच अंतर समझ रही है।
