आजकल हेल्दी लाइफस्टाइल और फिटनेस को लेकर लोग पहले से ज्यादा जागरूक हो गए हैं। खासकर सुबह के नाश्ते को लेकर लोग काफी सोच-समझकर चुनाव करते हैं। कुछ लोग ओट्स को हेल्दी मानते हैं, तो कई लोग पोहा को बेहतर और हल्का नाश्ता बताते हैं। ऐसे में अक्सर यह सवाल उठता है कि वजन घटाने और पूरे दिन शरीर को एनर्जी देने के लिए ओट्स और पोहा में से कौन ज्यादा फायदेमंद है।


विशेषज्ञों का कहना है कि दोनों ही नाश्ते अपने-अपने तरीके से शरीर के लिए फायदेमंद हो सकते हैं। फर्क सिर्फ इस बात से पड़ता है कि उन्हें कैसे तैयार किया जाता है और व्यक्ति की जरूरत क्या है।


क्यों लोग ओट्स को हेल्दी मानते हैं?


ओट्स को लंबे समय से हेल्दी ब्रेकफास्ट माना जाता है। इसमें घुलनशील फाइबर यानी सॉल्युबल फाइबर काफी मात्रा में पाया जाता है, जो पेट को लंबे समय तक भरा हुआ महसूस कराता है। इसी वजह से ओट्स वजन घटाने वाले लोगों के बीच काफी लोकप्रिय है।


ओट्स धीरे-धीरे पचता है, जिससे शरीर को लगातार एनर्जी मिलती रहती है और बार-बार भूख नहीं लगती। ऑफिस में लंबे समय तक बैठकर काम करने वाले लोग या पढ़ाई करने वाले छात्रों के लिए यह अच्छा विकल्प माना जाता है, क्योंकि इससे अचानक एनर्जी कम होने की समस्या कम हो सकती है।


इसके अलावा ओट्स में फाइबर अधिक होने के कारण पाचन भी बेहतर रहता है। अगर इसमें फल, नट्स या दूध मिलाकर खाया जाए तो इसकी पोषण क्षमता और बढ़ जाती है।

हालांकि विशेषज्ञ यह भी कहते हैं कि बाजार में मिलने वाले फ्लेवर्ड या ज्यादा मीठे ओट्स उतने फायदेमंद नहीं होते। कई पैकेट वाले ओट्स में शुगर और प्रोसेस्ड सिरप ज्यादा होता है, जिससे उनका हेल्थ बेनिफिट कम हो सकता है।


पोहा को हल्के में लेना सही नहीं


अक्सर लोग पोहा को सिर्फ हल्का नाश्ता मानकर नजरअंदाज कर देते हैं, लेकिन विशेषज्ञों के अनुसार सही तरीके से बनाया गया पोहा काफी पौष्टिक हो सकता है।


पोहा चपटे चावल से बनाया जाता है और यह आसानी से पच जाता है। यही वजह है कि भारत में खासकर गर्म और उमस वाले मौसम में लोग इसे पसंद करते हैं। सुबह जल्दी तैयार होने वाला यह नाश्ता व्यस्त लोगों के लिए भी अच्छा विकल्प माना जाता है।


अगर पोहा में मूंगफली, सब्जियां, करी पत्ता और राई डाली जाए तो यह काफी संतुलित भोजन बन जाता है। मूंगफली से शरीर को प्रोटीन और हेल्दी फैट मिलता है, जबकि सब्जियां फाइबर बढ़ाती हैं। ऊपर से डाला गया नींबू आयरन को शरीर में बेहतर तरीके से अवशोषित करने में मदद करता है।


विशेषज्ञ मानते हैं कि पोहा का एक बड़ा फायदा यह भी है कि यह भारतीय खानपान और संस्कृति से जुड़ा हुआ भोजन है। लोग इसे आसानी से अपनी रोजमर्रा की जिंदगी में शामिल कर लेते हैं। किसी भी हेल्दी डाइट का सबसे महत्वपूर्ण हिस्सा उसका लंबे समय तक टिक पाना होता है।


दिनभर एनर्जी किससे ज्यादा मिलती है?


ओट्स और पोहा दोनों शरीर को एनर्जी देते हैं, लेकिन दोनों का असर थोड़ा अलग होता है।


ओट्स धीरे-धीरे एनर्जी रिलीज करता है। इससे शरीर लंबे समय तक एक्टिव महसूस करता है और जल्दी भूख नहीं लगती। इसलिए यह उन लोगों के लिए अच्छा माना जाता है जो लंबे समय तक काम करते हैं या वजन कम करना चाहते हैं।


वहीं पोहा शरीर को जल्दी एनर्जी देता है क्योंकि यह हल्का और जल्दी पचने वाला भोजन है। सुबह एक्सरसाइज करने वाले, ज्यादा यात्रा करने वाले या भारी नाश्ता पसंद न करने वाले लोगों के लिए पोहा बेहतर विकल्प हो सकता है।


हालांकि दोनों में फर्क इस बात से भी पड़ता है कि उन्हें कैसे तैयार किया गया है। अगर ओट्स में बहुत ज्यादा चीनी मिलाई जाए या पोहा को ज्यादा तेल में बनाया जाए, तो दोनों का फायदा कम हो सकता है।


वजन घटाने के लिए कौन ज्यादा बेहतर?


अगर सिर्फ पेट लंबे समय तक भरा रखने और कम कैलोरी खाने की बात करें, तो ओट्स को थोड़ा बेहतर माना जाता है। इसका फाइबर शरीर को लंबे समय तक संतुष्ट रखता है और ओवरईटिंग से बचा सकता है।

लेकिन इसका मतलब यह नहीं कि पोहा वजन घटाने में खराब है। सही मात्रा में सब्जियों और मूंगफली के साथ बनाया गया पोहा भी हेल्दी और बैलेंस्ड नाश्ता हो सकता है। कई लोगों के लिए यह ज्यादा आरामदायक और पचने में आसान विकल्प साबित होता है।


विशेषज्ञों के मुताबिक असली बात सिर्फ “ओट्स बनाम पोहा” की नहीं है। सबसे जरूरी यह है कि नाश्ते में पर्याप्त फाइबर, प्रोटीन और पोषक तत्व हों, ताकि शरीर दिनभर एनर्जी महसूस करे और बार-बार भूख न लगे।


एक्सपर्ट्स की क्या है राय?


पोषण विशेषज्ञों का मानना है कि हेल्दी रहने के लिए किसी एक फूड को “सुपरफूड” मानना सही नहीं है। शरीर को सबसे ज्यादा फायदा सादा, कम प्रोसेस्ड और संतुलित भोजन से मिलता है।


ओट्स फाइबर और लंबे समय तक पेट भरा रखने के लिए अच्छे हैं, जबकि पोहा हल्का, स्वादिष्ट और आसानी से पचने वाला भोजन है। दोनों ही सही तरीके से बनाए जाएं तो हेल्दी ब्रेकफास्ट का हिस्सा बन सकते हैं।