पहाड़ों से मैदान तक मौसम का मिजाज तेजी से बदल रहा है। उत्तराखंड के चमोली में बादल फटने से अचानक आई आपदा ने लोगों को दहशत में डाल दिया, जबकि मध्य प्रदेश, झारखंड और छत्तीसगढ़ में आंधी, बिजली और बारिश से 16 लोगों की मौत हो गई। दूसरी ओर, भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने देश के 22 राज्यों में मानसून की सक्रियता बढ़ने की पुष्टि करते हुए कई राज्यों के लिए भारी बारिश, तेज आंधी और बिजली गिरने का अलर्ट जारी किया है। हालांकि उत्तर प्रदेश समेत कुछ राज्यों में मानसून अब भी तय समय से पीछे चल रहा है, लेकिन अगले कुछ दिनों में मौसम में बड़े बदलाव के संकेत मिल रहे हैं।
चमोली में बादल फटने के बाद तबाही, देशभर में मानसून का असर | फोटो: NBT
चमोली में बादल फटने से मची तबाही, घर-दुकानों में घुसा मलबा
उत्तराखंड के चमोली जिले में शुक्रवार को हुई मूसलाधार बारिश के बीच बादल फटने की घटना ने स्थानीय लोगों की मुश्किलें बढ़ा दीं। भारी मात्रा में मलबा और पत्थर बहकर रिहायशी इलाकों तक पहुंच गए, जिससे कई घरों और दुकानों में कीचड़ भर गया। कई वाहन भी मलबे में दब गए और सड़क संपर्क प्रभावित हुआ। प्रशासन, SDRF और स्थानीय टीमें राहत एवं बचाव कार्य में जुटी हुई हैं। पहाड़ी इलाकों में लगातार बारिश और भूस्खलन की आशंका को देखते हुए लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है।
मध्य प्रदेश, झारखंड और छत्तीसगढ़ में बिजली बनी जानलेवा, 16 लोगों की मौत
मौसम की मार केवल पहाड़ों तक सीमित नहीं रही। मध्य प्रदेश के बालाघाट में आकाशीय बिजली गिरने से चार लोगों की मौत हो गई, जबकि देवास में तेज आंधी और बारिश के दौरान मकान की बालकनी गिरने से दो महिलाओं ने दम तोड़ दिया। झारखंड में बिजली गिरने की अलग-अलग घटनाओं में 10 लोगों की मौत हुई, वहीं छत्तीसगढ़ में भी दो लोगों की जान चली गई। मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि प्री-मानसून और मानसून की सक्रियता के दौरान बिजली गिरने की घटनाएं बढ़ जाती हैं, इसलिए खराब मौसम में खुले मैदान, पेड़ों और बिजली के खंभों से दूरी बनाए रखना बेहद जरूरी है।
उत्तराखंड के चमोली में बादल फटने से अचानक आई आपदा | फोटो: ABP
22 राज्यों तक पहुंचा मानसून, यूपी-दिल्ली समेत कई राज्यों में जल्द दस्तक के संकेत
भारतीय मौसम विभाग के अनुसार मानसून अब देश के 22 राज्यों तक पहुंच चुका है और 5 जुलाई तक शेष हिस्सों को भी कवर करने की संभावना है। हालांकि उत्तर प्रदेश में मानसून इस बार सामान्य से करीब आठ दिन की देरी से चल रहा है और पिछले कई दिनों से बिहार सीमा के आसपास रुका हुआ है। मौसम विभाग का अनुमान है कि अगले 48 घंटों के भीतर मानसून पूर्वी उत्तर प्रदेश में प्रवेश कर सकता है। वहीं दिल्ली-एनसीआर में भी जुलाई के शुरुआती दिनों तक मानसून पहुंचने की संभावना जताई गई है। इस बीच प्री-मानसून गतिविधियों के कारण कई इलाकों में हल्की बारिश और तेज हवाएं चलती रहेंगी, जिससे तापमान में कुछ राहत मिल सकती है।
किन राज्यों में भारी बारिश और कहां हीटवेव? IMD ने जारी किया अलर्ट
मौसम विभाग ने 28 और 29 जून के लिए कई राज्यों में अलग-अलग तरह की चेतावनी जारी की है। असम, मेघालय, सिक्किम, पश्चिम बंगाल, ओडिशा, छत्तीसगढ़, तेलंगाना, गोवा, तमिलनाडु और केरल में भारी बारिश की संभावना जताई गई है। बिहार में 50 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने का अनुमान है, जबकि राजस्थान, मध्य प्रदेश और ओडिशा के कई हिस्सों में भी तेज आंधी और बारिश हो सकती है। दूसरी ओर, मध्य प्रदेश, पूर्वी उत्तर प्रदेश और महाराष्ट्र के कुछ इलाकों में अभी भी हीटवेव की स्थिति बनी हुई है। मौसम विभाग ने लोगों से मौसम संबंधी अपडेट पर लगातार नजर रखने और प्रशासन की सलाह का पालन करने की अपील की है।
