ere | Source: erreनई दिल्ली। दिवाली का त्योहार नजदीक आते ही घरों की साफ-सफाई, रोशनी और सजावट की तैयारियां तेज हो जाती हैं। लेकिन दिल्ली-एनसीआर समेत प्रदूषण की समस्या से प्रभावित क्षेत्रों में त्योहार के दौरान हवा की गुणवत्ता भी चिंता का विषय बन जाती है। ऐसे में कई लोग अपने परिवार को प्रदूषित हवा से बचाने के लिए एयर प्यूरीफायर खरीदने की योजना बना रहे हैं।


हालांकि, बाजार में अलग-अलग कंपनियों और कीमतों के अनेक विकल्प उपलब्ध होने के कारण सही उपकरण चुनना आसान नहीं है। केवल ब्रांड, आकर्षक डिजाइन या कीमत देखकर एयर प्यूरीफायर खरीदना सही फैसला नहीं हो सकता। इसकी क्षमता, फिल्टर की गुणवत्ता और रखरखाव पर भी ध्यान देना जरूरी है। ‘द राज शमानी शो’ में पॉडकास्ट चर्चा के दौरान विशेषज्ञ डॉ. अरविंद कुमार ने एयर प्यूरीफायर खरीदने से जुड़ी तीन महत्वपूर्ण बातें बताईं। उनके अनुसार, उपकरण खरीदने से पहले उसकी मोटर की एयर हैंडलिंग क्षमता, HEPA फिल्टर की गुणवत्ता और एयर क्वालिटी मीटर जैसी सुविधाओं को समझना चाहिए। इसके अलावा, फिल्टर बदलने की लागत और स्पेयर पार्ट्स की उपलब्धता भी जांचनी चाहिए, ताकि भविष्य में उपकरण का रखरखाव परेशानी का कारण न बने।

1. कमरे के आकार के अनुसार चुनें एयर प्यूरीफायर की क्षमता

एयर प्यूरीफायर खरीदते समय सबसे पहले यह देखना चाहिए कि वह आपके कमरे के आकार के हिसाब से कितना प्रभावी ढंग से हवा को साफ कर सकता है। डॉ. अरविंद कुमार के अनुसार, मोटर की एयर हैंडलिंग क्षमता एक महत्वपूर्ण पहलू है। यही क्षमता निर्धारित करती है कि उपकरण कमरे की हवा को कितनी तेजी और प्रभावी ढंग से अपने भीतर खींचकर फिल्टर कर सकता है। यदि कमरा बड़ा है और उसमें कम क्षमता वाला एयर प्यूरीफायर लगा दिया जाता है, तो वह कमरे की हवा को अपेक्षित गति से साफ नहीं कर पाएगा। वहीं, कमरे के आकार के अनुरूप क्षमता वाला उपकरण चुनने से हवा को साफ करने की प्रक्रिया अधिक प्रभावी हो सकती है। इसलिए खरीदारी करने से पहले उस कमरे का आकार जरूर ध्यान में रखें, जहां एयर प्यूरीफायर का इस्तेमाल करना है। यदि इसे शयनकक्ष, बैठक या बड़े कमरे में लगाना है, तो प्रत्येक स्थान की जरूरत के अनुसार क्षमता का चुनाव करें। केवल कम कीमत या आकर्षक डिजाइन के आधार पर उपकरण न खरीदें। उसकी तकनीकी जानकारी पढ़ें और देखें कि निर्माता ने किस आकार के कमरे के लिए उसे उपयुक्त बताया है।

2. HEPA फिल्टर की गुणवत्ता और एयर क्वालिटी मीटर जरूर जांचें

एयर प्यूरीफायर का दूसरा महत्वपूर्ण हिस्सा उसका फिल्टर है। डॉ. अरविंद कुमार ने सलाह दी कि उपकरण खरीदने से पहले उसके HEPA (हाई एफिशिएंसी पार्टिकुलेट एयर) फिल्टर की गुणवत्ता की जांच करनी चाहिए। यह समझना जरूरी है कि फिल्टर किस गुणवत्ता का है और उसका निर्माण कहां हुआ है। HEPA फिल्टर हवा में मौजूद कई प्रकार के सूक्ष्म कणों को रोकने के लिए इस्तेमाल किए जाते हैं। हालांकि, अलग-अलग उपकरणों में फिल्टर की गुणवत्ता और कार्यक्षमता अलग हो सकती है। इसलिए खरीदारी के समय केवल HEPA लिखा देखकर फैसला न करें, बल्कि फिल्टर की वास्तविक विशिष्टताओं और निर्माता की ओर से दी गई जानकारी को भी देखें। इसके साथ ही एयर प्यूरीफायर में एयर क्वालिटी मीटर या वायु गुणवत्ता प्रदर्शित करने वाला संकेतक होना भी उपयोगी है। यह सुविधा कमरे की हवा में प्रदूषण के स्तर के बारे में जानकारी देती है। इससे उपयोगकर्ता को यह समझने में मदद मिलती है कि कमरे की हवा की स्थिति कैसी है और उपकरण चलने के दौरान उसमें क्या बदलाव हो रहा है। हालांकि, एयर क्वालिटी मीटर पर दिखाई देने वाली जानकारी को उपकरण में लगे सेंसर और उसके मापदंडों के संदर्भ में समझना चाहिए। केवल डिस्प्ले पर अच्छा स्तर दिखाई देने के आधार पर यह मान लेना उचित नहीं है कि हवा में मौजूद हर प्रकार का प्रदूषक पूरी तरह समाप्त हो गया है।

3. फिल्टर बदलने का खर्च और स्पेयर पार्ट्स की उपलब्धता पहले जान लें

एयर प्यूरीफायर खरीदने वाले कई लोग शुरुआती कीमत पर तो ध्यान देते हैं, लेकिन बाद में होने वाले खर्च को नजरअंदाज कर देते हैं। जबकि इस उपकरण को लंबे समय तक प्रभावी बनाए रखने के लिए समय-समय पर फिल्टर की सफाई या उसे बदलने की जरूरत पड़ सकती है। इसलिए खरीदने से पहले यह पता करना जरूरी है कि नया फिल्टर कितने रुपये में मिलेगा और उसे कितने समय बाद बदलने की आवश्यकता हो सकती है। डॉ. अरविंद कुमार के अनुसार, फिल्टर की रिप्लेसमेंट लागत और स्पेयर पार्ट्स की उपलब्धता भी खरीदारी के फैसले में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। यदि किसी उपकरण का फिल्टर महंगा है या बाजार में आसानी से उपलब्ध नहीं होता, तो भविष्य में उसका रखरखाव मुश्किल हो सकता है। इसलिए एयर प्यूरीफायर खरीदने से पहले कंपनी की आधिकारिक जानकारी में फिल्टर की कीमत, बदलने की अनुशंसित अवधि और उपलब्धता की जांच करें। यह भी पता करें कि जरूरत पड़ने पर संबंधित स्पेयर पार्ट्स और सेवा सहायता मिल सकेगी या नहीं। फिल्टर को समय पर बदलना महत्वपूर्ण है, क्योंकि इस्तेमाल के साथ उसमें प्रदूषक कण जमा हो सकते हैं। यदि फिल्टर की देखभाल नहीं की जाती या उसे जरूरत के अनुसार नहीं बदला जाता, तो उपकरण की कार्यक्षमता प्रभावित हो सकती है। इसलिए शुरुआती कीमत के साथ लंबे समय तक होने वाले रखरखाव के खर्च का हिसाब लगाना भी जरूरी है।

दिवाली पर प्रदूषण से बचाव के लिए सिर्फ एयर प्यूरीफायर पर्याप्त नहीं

दिवाली के आसपास वायु प्रदूषण बढ़ने की आशंका के बीच एयर प्यूरीफायर घर के भीतर हवा में मौजूद कुछ प्रदूषक कणों को कम करने में मदद कर सकता है। लेकिन इसका लाभ तभी बेहतर तरीके से मिल सकता है, जब उपकरण कमरे के आकार के अनुकूल हो, उसका फिल्टर सही हो और उसका नियमित रखरखाव किया जाए। इसके साथ ही प्रदूषण अधिक होने पर बाहर की गतिविधियों को सीमित करना, घर में धुआं जमा होने से बचाना और स्थानीय वायु गुणवत्ता की जानकारी पर ध्यान देना भी उपयोगी है। एयर प्यूरीफायर खरीदते समय निर्माता के निर्देशों के अनुसार उसका इस्तेमाल करना चाहिए। यह भी ध्यान रखें कि एयर प्यूरीफायर सभी प्रकार के प्रदूषकों को समान रूप से नहीं हटाते और न ही प्रदूषण के सभी स्वास्थ्य प्रभावों से पूरी सुरक्षा की गारंटी देते हैं।