उफ़क साहिल
नरेंद्र मोदी ने कहा कि दुनिया में चल रही आर्थिक चुनौतियों के बावजूद भारत तेजी से आगे बढ़ रहा है। उन्होंने बताया कि कई देश भारत के साथ व्यापार और निवेश बढ़ाने में रुचि दिखा रहे हैं। उनके अनुसार, भारत की स्थिर सरकार, साफ नीतियां और बड़ा बाजार उसे दुनिया की प्रमुख अर्थव्यवस्थाओं के लिए भरोसेमंद साझेदार बना रहे हैं।
प्रधानमंत्री ने कहा कि आज भारत को वैश्विक स्तर पर एक “ग्रोथ स्पॉट” के रूप में देखा जा रहा है, यानी ऐसी अर्थव्यवस्था जो कठिन समय में भी विकास कर रही है।
पीएम मोदी ने हाल ही में पेश किए गए केंद्रीय बजट को देश के दीर्घकालिक विकास का रोडमैप बताया। उन्होंने सरल शब्दों में कहा कि यह बजट चार मुख्य बातों पर ध्यान देता है—
बुनियादी ढांचे का विकास (सड़क, रेल, बंदरगाह)
देश में निर्माण (मैन्युफैक्चरिंग) बढ़ाना
नई तकनीक और नवाचार को बढ़ावा देना
रोजगार के अवसर बढ़ाना
उन्होंने कहा कि सरकार का लक्ष्य भारत को वैश्विक सप्लाई चेन का अहम हिस्सा बनाना है, ताकि दुनिया की बड़ी कंपनियां भारत में उत्पादन करें और यहां से निर्यात बढ़े।
प्रधानमंत्री ने कहा कि आज कई देश आर्थिक मंदी, युद्ध जैसी परिस्थितियों और सप्लाई चेन की समस्याओं से जूझ रहे हैं। ऐसे समय में भारत की स्थिर नीतियां और तेज़ फैसले निवेशकों का भरोसा बढ़ा रहे हैं।
उन्होंने बताया कि कई विकसित और विकासशील देश भारत के साथ मुक्त व्यापार समझौते (FTA) और आर्थिक साझेदारी पर चर्चा कर रहे हैं। इससे आने वाले समय में व्यापार और निवेश दोनों बढ़ने की उम्मीद है।
मध्यम वर्ग, किसान और छोटे उद्योगों को राहत
पीएम मोदी ने कहा कि बजट में मध्यम वर्ग को कर राहत, छोटे और मझोले उद्योगों (MSME) को मदद और स्टार्टअप्स को बढ़ावा देने पर खास ध्यान दिया गया है।
किसानों के लिए नई योजनाएं
डिजिटल सुविधाओं का विस्तार
हरित ऊर्जा और सौर ऊर्जा में निवेश
छोटे व्यापारियों के लिए आसान ऋण व्यवस्था
सरकार का कहना है कि इन कदमों से गांव और शहर दोनों में विकास तेज होगा।
‘मेक इन इंडिया’ से निर्यात को ताकत
प्रधानमंत्री ने दोहराया कि ‘मेक इन इंडिया’ और ‘आत्मनिर्भर भारत’ जैसे अभियानों का मकसद देश में उत्पादन बढ़ाना और विदेशी आयात पर निर्भरता कम करना है।
सरकार लॉजिस्टिक्स सुधार, बंदरगाहों के आधुनिकीकरण और डिजिटल सिस्टम को मजबूत कर कारोबार को आसान बना रही है। इससे भारत से होने वाला निर्यात और बढ़ सकता है।
पीएम मोदी ने कहा कि नई नीतियों से युवाओं को कौशल विकास, स्टार्टअप फंडिंग और टेक्नोलॉजी आधारित व्यवसाय में अवसर मिलेंगे। उनका मानना है कि भारत की युवा आबादी देश को आने वाले वर्षों में वैश्विक आर्थिक शक्ति बना सकती है।
उन्होंने विश्वास जताया कि यदि इसी दिशा में काम जारी रहा, तो भारत दुनिया की शीर्ष अर्थव्यवस्थाओं में अपनी मजबूत जगह बना लेगा।
Discussion (0)
Join the discussion by logging in to your account.
SIGN INBe the first to share your thoughts!