भारत में शादी को हमेशा भरोसे और परिवार की नींव माना गया है, लेकिन डिजिटल दौर में रिश्तों की तस्वीर तेजी से बदलती दिख रही है. अब लोग सिर्फ सोशल मीडिया पर दोस्ती नहीं कर रहे, बल्कि शादीशुदा होने के बावजूद नए रिश्तों की तलाश में भी ऑनलाइन प्लेटफॉर्म्स का सहारा ले रहे हैं. यही वजह है कि एक्स्ट्रा मैरिटल डेटिंग ऐप्स का इस्तेमाल देश में तेजी से बढ़ रहा है.


हाल ही में सामने आई एक रिपोर्ट ने चौंकाने वाला खुलासा किया है. एक्स्ट्रा मैरिटल डेटिंग प्लेटफॉर्म Gleeden⁠ के मुताबिक, भारत में इसके 40 लाख से ज्यादा यूजर्स हैं. यह आंकड़ा सिर्फ एक ऐप की लोकप्रियता नहीं दिखाता, बल्कि बदलती लाइफस्टाइल, रिश्तों में बढ़ती दूरी और डिजिटल इमोशनल कनेक्शन की नई दुनिया की तरफ भी इशारा करता है.


रिपोर्ट के अनुसार, बेंगलुरु इस ट्रेंड में सबसे आगे है. देश के कुल यूजर्स में करीब 18 प्रतिशत हिस्सेदारी अकेले बेंगलुरु की बताई गई है. इसके बाद हैदराबाद, दिल्ली, मुंबई और पुणे जैसे शहरों का नंबर आता है. दिलचस्प बात यह है कि अब यह ट्रेंड सिर्फ बड़े शहरों तक सीमित नहीं रहा. लखनऊ, पटना, चंडीगढ़, सूरत, कोयम्बटूर और गुवाहाटी जैसे शहरों में भी ऐसे प्लेटफॉर्म्स तेजी से लोकप्रिय हो रहे हैं.

ऐप की स्टडी में 25 से 50 साल की उम्र के 1500 से ज्यादा शादीशुदा भारतीयों को शामिल किया गया था. इसमें पता चला कि बड़ी संख्या में लोग अब पारंपरिक रिश्तों से अलग “ओपन रिलेशन”, “स्विंगिंग” और “रिलेशनशिप एनार्की” जैसे कॉन्सेप्ट्स को लेकर खुले विचार रखने लगे हैं. यानी अब रिश्तों को लेकर सोच पहले जैसी नहीं रही.

सबसे ज्यादा चर्चा महिलाओं की बढ़ती भागीदारी को लेकर हो रही है. ऐप के मुताबिक, पिछले दो वर्षों में महिला यूजर्स की संख्या में 148 प्रतिशत की बढ़ोतरी दर्ज की गई है. कंपनी का दावा है कि महिलाएं अब अपने निजी फैसलों को लेकर ज्यादा खुलकर सोच रही हैं और डिजिटल प्लेटफॉर्म्स को अपनी भावनात्मक जरूरतों को समझने का जरिया मान रही हैं.

डेटा यह भी बताता है कि इस ऐप पर करीब 65 प्रतिशत यूजर्स पुरुष हैं, जबकि 35 प्रतिशत महिलाएं हैं. ज्यादातर लोग शादीशुदा या लंबे रिलेशनशिप में हैं. यूजर्स औसतन रोज 1 से डेढ़ घंटे तक चैटिंग करते हैं. सबसे ज्यादा एक्टिविटी दोपहर 12 से 3 बजे और रात 10 बजे के बाद देखी गई.


रिपोर्ट में यह भी सामने आया कि पुरुष यूजर्स आमतौर पर 25 से 30 साल की महिलाओं को प्राथमिकता देते हैं, जबकि महिलाएं आर्थिक रूप से स्थिर और प्रोफेशनल पुरुषों जैसे डॉक्टर, चार्टर्ड अकाउंटेंट और सीनियर एग्जीक्यूटिव्स की तरफ ज्यादा आकर्षित होती हैं.

इसी बीच ग्लोबल प्लेटफॉर्म Ashley Madison⁠ ने भी दावा किया कि तमिलनाडु का कांचीपुरम देश के तेजी से उभरते “अफेयर हॉटस्पॉट्स” में शामिल हो चुका है. इन आंकड़ों ने यह बहस फिर तेज कर दी है कि क्या आधुनिक जीवनशैली और डिजिटल आजादी रिश्तों की परिभाषा बदल रही है?


एक समय था जब ऐसे रिश्तों पर खुलकर बात करना भी समाज में गलत माना जाता था, लेकिन अब मोबाइल स्क्रीन के पीछे लोग अपनी भावनाएं, अकेलापन और एक्साइटमेंट तलाशते नजर आ रहे हैं. यही वजह है कि एक्स्ट्रा मैरिटल डेटिंग अब सिर्फ छिपी हुई बात नहीं, बल्कि एक तेजी से बढ़ता डिजिटल ट्रेंड बनती जा रही है.