जम्मू-कश्मीर से राज्यसभा सांसद गुलाम अली खटाना जो भारतीय जनता पार्टी के प्रमुख चेहरों में से एक माने जाते हैं, ने कांग्रेस पर सीधा राजनीतिक हमला बोलते हुए कहा है कि पार्टी की राजनीति “लटकाना, अटकाना और मटकाना” वाली रही है। उनके इस बयान ने राष्ट्रीय राजनीति में एक नई चर्चा को जन्म दे दिया है।


खटाना ने यह टिप्पणी उस समय की, जब देश में विपक्ष और सत्ता पक्ष के बीच राजनीतिक बयानबाज़ी लगातार तेज़ होती जा रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि इंडियन नेशनल कांग्रेस ने हमेशा विकास कार्यों में बाधा डाली और देश को आगे बढ़ाने की बजाय राजनीतिक भ्रम और देरी की राजनीति को बढ़ावा दिया।


अपने बयान में खटाना ने कहा कि कांग्रेस का रिकॉर्ड बताता है कि पार्टी हर महत्वपूर्ण मुद्दे पर निर्णय लेने में कमजोर रही, और जब भी ज़िम्मेदारी निभाने का समय आया, तब उसने देश को उलझाने का काम किया। खटाना के मुताबिक, भाजपा सरकार ने वर्षों से जिन परियोजनाओं को आगे बढ़ाया, उन्हें कांग्रेस की नीतियों के कारण लंबे समय तक अटकाया जाता रहा।


खटाना का यह बयान ऐसे समय में आया है, जब आने वाले चुनावों को लेकर राजनीतिक तापमान लगातार बढ़ रहा है और दोनों बड़ी पार्टियाँ अपने-अपने नैरेटिव को मजबूत करने में लगी हैं। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि इस तरह के बयान बीजेपी की उस रणनीति का हिस्सा हैं, जिसमें वह कांग्रेस को ‘निष्क्रिय और विरोध-प्रधान दल’ के रूप में पेश करना चाहती है।


हालाँकि कांग्रेस की ओर से इस बयान पर अब तक कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं आई है, लेकिन पार्टी पहले भी ऐसे आरोपों को राजनीतिक प्रोपेगैंडा करार देती रही है। कांग्रेस का कहना रहा है कि वह सत्ता में रहते हुए विकास के कई बड़े काम कर चुकी है और भाजपा उन उपलब्धियों को नज़रअंदाज़ करती है।


गुलाम अली खटाना के इस बयान ने सोशल मीडिया पर भी बहस छेड़ दी है, जहाँ समर्थक और विरोधी दोनों अपनी राय रख रहे हैं। राजनीतिक जानकारों का कहना है कि आने वाले दिनों में दोनों दलों के बीच ऐसी बयानबाज़ी और तेज़ हो सकती है।