बिहार की राजनीति में आज का दिन काफी अहम माना जा रहा है। पिछले कई दिनों से मंत्रिमंडल विस्तार को लेकर लगातार बैठकों और चर्चाओं का दौर चल रहा था। सत्ता के गलियारों में यह सवाल लगातार उठ रहा था कि नई कैबिनेट में किन चेहरों को जगह मिलेगी और किन नेताओं की जिम्मेदारियां बढ़ेंगी। अब कुछ ही देर में इन सभी अटकलों पर विराम लगने वाला है।


राजधानी पटना के गांधी मैदान में सम्राट चौधरी सरकार के मंत्रिमंडल विस्तार का शपथ समारोह आयोजित होने जा रहा है। इस कार्यक्रम में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह समेत एनडीए के कई बड़े नेताओं के शामिल होने की संभावना है। राजनीतिक जानकार इसे सिर्फ एक शपथ समारोह नहीं, बल्कि बिहार में आने वाले चुनावों से पहले एनडीए की ताकत दिखाने की बड़ी कोशिश के तौर पर भी देख रहे हैं।


बताया जा रहा है कि इस विस्तार में कई नए चेहरों को मौका मिल सकता है, जबकि कुछ पुराने मंत्रियों की जिम्मेदारियों में बदलाव भी संभव है। पिछले कुछ दिनों से भारतीय जनता पार्टी और जनता दल यूनाइटेड के बीच मंत्रियों के नामों को लेकर लगातार मंथन चल रहा था। केंद्रीय नेतृत्व भी इस पूरी प्रक्रिया पर करीबी नजर बनाए हुए था।


पटना के गांधी मैदान में सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं। बड़ी संख्या में समर्थकों और कार्यकर्ताओं के पहुंचने की उम्मीद है। प्रधानमंत्री मोदी के दौरे को देखते हुए प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड में है और पूरे इलाके में सुरक्षा व्यवस्था बढ़ा दी गई है।


सूत्रों के मुताबिक, इस कैबिनेट विस्तार के जरिए सामाजिक और क्षेत्रीय संतुलन साधने की कोशिश की जा सकती है। माना जा रहा है कि युवा चेहरों और कुछ नए सामाजिक समीकरणों को भी मंत्रिमंडल में जगह मिल सकती है।


अब सबकी नजर इस बात पर टिकी है कि आखिर किन नेताओं को मंत्री पद की शपथ दिलाई जाएगी और किसे इस बार मौका नहीं मिलेगा। बिहार की राजनीति के लिए यह कार्यक्रम आने वाले दिनों की दिशा तय करने वाला अहम संकेत माना जा रहा है।