लखनऊ। कारोबारी शिवा शर्मा की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत के मामले में फरार चल रही मॉडल श्रद्धा दुबे ने सोशल मीडिया पर वीडियो जारी कर खुद को निर्दोष बताया है। उसने दावा किया कि वह पुलिस के सामने पेश होकर घटना से जुड़ी पूरी सच्चाई बताना चाहती है। श्रद्धा ने कारोबारी की हत्या किए जाने की बात से इनकार करते हुए दावा किया कि शिवा शर्मा ने आत्महत्या की थी। हालांकि, उसने कथित आत्महत्या के पीछे की वजह के बारे में कुछ नहीं बताया। दूसरी ओर, पुलिस उसकी तलाश में जुटी है। इस मामले में श्रद्धा पर 25 हजार रुपये का इनाम घोषित किए जाने की खबर है। पुलिस को उसकी एसयूवी नेपाल सीमा के पास बहराइच जिले के रुपईडीहा स्थित कस्टम कार्यालय की पार्किंग में मिली है।
वीडियो जारी कर श्रद्धा ने क्या कहा?
बुधवार देर रात सोशल मीडिया पर सामने आए वीडियो में श्रद्धा दुबे ने अपने ऊपर लगे आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि वह मामले की वास्तविकता पुलिस को बताना चाहती है। उसने यह भी अपील की कि उसका नाम किसी नेता या अधिकारी के साथ जोड़कर न देखा जाए। श्रद्धा के मुताबिक, इंस्टाग्राम पर किसी व्यक्ति से जुड़ा होना इस बात का प्रमाण नहीं है कि उसके साथ उसका कोई निजी संबंध या संपर्क है। उसने लोगों से उसके बारे में अफवाहें नहीं फैलाने की अपील भी की।
वीडियो में श्रद्धा ने कहा कि वह खुद पुलिस के पास जाकर शिवा शर्मा प्रकरण से जुड़े तथ्यों को सामने रखना चाहती है। उसने दावा किया कि शिवा की हत्या नहीं हुई, बल्कि उसने आत्महत्या की थी। हालांकि, यह श्रद्धा का अपना दावा है। मामले की जांच कर रही पुलिस ने इस दावे को लेकर कोई अंतिम निष्कर्ष सार्वजनिक नहीं किया है। घटना की वास्तविक परिस्थितियां जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेंगी।
चौथी मंजिल से गिरकर हुई थी कारोबारी शिवा शर्मा की मौत
मामला लखनऊ के बालू अड्डा इलाके में स्थित अवध ग्रीन अपार्टमेंट का है। खबर के मुताबिक, शुक्रवार रात चिकन कारोबारी और कैफे संचालक शिवा शर्मा की अपार्टमेंट की चौथी मंजिल से संदिग्ध परिस्थितियों में गिरने के बाद मौत हो गई थी। शिवा अलीगंज के कपूरथला इलाके में रहते थे और करीब एक साल से मॉडल श्रद्धा दुबे के साथ लिव-इन संबंध में रह रहे थे।
घटना के बाद शिवा की मां रंजना ने श्रद्धा दुबे पर गंभीर आरोप लगाए। उनकी शिकायत के आधार पर श्रद्धा, उसकी बहन रश्मि और दो अन्य लोगों के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज किए जाने की बात सामने आई है। पुलिस मामले के सभी पहलुओं की जांच कर रही है। फिलहाल, श्रद्धा की ओर से वीडियो में दिया गया बयान और परिवार की ओर से लगाए गए आरोप जांच के दायरे में हैं।
फ्लैट से आपत्तिजनक सामान मिलने की बात भी आई सामने
मामले में उस समय और सवाल उठे, जब पुलिस की जांच के दौरान फ्लैट से सेक्स टॉयज, शक्तिवर्धक दवाएं और अन्य आपत्तिजनक वस्तुएं मिलने की खबर सामने आई। मृत कारोबारी का शव केवल अंडरवियर में मिलने की बात भी रिपोर्ट में कही गई है। इन परिस्थितियों को लेकर जांच एजेंसियां अलग-अलग पहलुओं की पड़ताल कर रही हैं।
हालांकि, किसी भी वस्तु की बरामदगी या घटनास्थल से जुड़े विवरण के आधार पर अपने आप किसी व्यक्ति की आपराधिक जिम्मेदारी साबित नहीं होती। इस मामले में श्रद्धा और उसकी बहन के खिलाफ लगाए गए आरोपों की पुष्टि न्यायिक प्रक्रिया और पुलिस जांच के आधार पर ही होगी।
कारोबारी को धमकाने का कथित ऑडियो भी चर्चा में
शिवा शर्मा और श्रद्धा दुबे से जुड़ा एक कथित ऑडियो भी सोशल मीडिया पर चर्चा में है। रिपोर्ट के मुताबिक, इस ऑडियो में श्रद्धा को शिवा से सिगरेट लाने में देरी होने पर नाराजगी जताते और जेल भेजने की धमकी देते हुए सुना जा सकता है। बताया गया है कि श्रद्धा ने फोन पर शिवा से कहा कि उसे पार्टी करने का बहुत शौक है और अब वह जेल में पार्टी करेगा। उसने यह भी कहा कि शिवा ने उसे नाराज कर दिया है और वह उसकी शिकायत करेगी।
हालांकि, संबंधित समाचार रिपोर्ट में स्पष्ट किया गया है कि ‘हिन्दुस्तान’ इस वायरल ऑडियो की पुष्टि नहीं करता। इसलिए ऑडियो की प्रामाणिकता और उसमें कही गई बातों की परिस्थितियों को स्वतंत्र रूप से स्थापित तथ्य नहीं माना जा सकता। पुलिस जांच में यह स्पष्ट होना महत्वपूर्ण होगा कि ऑडियो वास्तविक है या नहीं और उसका मामले से क्या संबंध है।
शिवा की मां ने डायरी की जांच कराने की मांग की
शिवा शर्मा की मां रंजना ने दावा किया है कि उनका बेटा डायरी लिखता था। उनके मुताबिक, उस डायरी में श्रद्धा दुबे से जुड़े कई तथ्यों और घटनाओं का उल्लेख हो सकता है। उन्होंने पुलिस से डायरी की सामग्री की जांच करने और उसमें दर्ज तथ्यों को विवेचना में शामिल करने की मांग की है।
परिवार का मानना है कि डायरी से शिवा और श्रद्धा के संबंधों के बारे में जानकारी मिल सकती है तथा घटना से जुड़े कुछ सवालों के जवाब सामने आ सकते हैं। हालांकि, डायरी में वास्तव में क्या लिखा है और उसमें दर्ज बातों की सत्यता क्या है, यह पुलिस की जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा।
नेपाल सीमा के पास पार्किंग में मिली श्रद्धा की एसयूवी
पुलिस की तलाश के बीच बुधवार को श्रद्धा दुबे की एसयूवी बहराइच जिले में नेपाल सीमा के पास रुपईडीहा स्थित कस्टम कार्यालय की पार्किंग में मिली। रिपोर्ट के अनुसार, पुलिस को जांच के दौरान सीसीटीवी फुटेज से संकेत मिला कि गाड़ी सीतापुर के रास्ते बहराइच की ओर गई थी। इसके बाद पुलिस टीम ने इलाके में पहुंचकर वाहन की जानकारी जुटाई।
जांच में सामने आया कि एसयूवी 10 अक्टूबर को पार्किंग में खड़ी की गई थी। बताया गया है कि श्रद्धा अपनी बहन रश्मि, ड्राइवर और एक दोस्त के साथ वहां पहुंची थी। पार्किंग से जुड़ी जानकारी के मुताबिक, दोस्त ने दो दिन का शुल्क जमा किया था। निर्धारित अवधि बीतने के बाद भी वाहन लेने कोई नहीं पहुंचा, जिससे मामले की जांच कर रही पुलिस का ध्यान इस गाड़ी की ओर गया।
वाहन के नंबर की पड़ताल में उसका पंजीकरण श्रद्धा दुबे के नाम पर होने की जानकारी मिली। इसके बाद लखनऊ पुलिस भी रुपईडीहा पहुंची। रिपोर्ट में बताया गया है कि श्रद्धा, उसकी बहन और उनके साथ मौजूद अन्य लोगों के वहां से जाने के बाद उनका पता लगाने की कोशिश की जा रही है। पुलिस की जांच का एक महत्वपूर्ण हिस्सा यह पता लगाना है कि घटना के बाद वे कहां गए और उनके बीच क्या संपर्क रहा।
पुलिस की दस टीमें तलाश में जुटीं
रिपोर्ट के अनुसार, श्रद्धा दुबे की तलाश के लिए पुलिस की दस टीमें लगाई गई हैं और उस पर 25 हजार रुपये का इनाम घोषित किया गया है। पुलिस उसके संभावित ठिकानों, संपर्कों और यात्रा से जुड़े सुरागों की जांच कर रही है। नेपाल सीमा के पास एसयूवी मिलने के बाद उसकी गतिविधियों का पता लगाने की कोशिश भी तेज हुई है।
पुलिस ने अभी तक श्रद्धा के वीडियो में किए गए दावों को मामले का अंतिम निष्कर्ष नहीं माना है। उसका पक्ष सामने आने, उपलब्ध साक्ष्यों की जांच और संबंधित लोगों से पूछताछ के बाद ही घटना की परिस्थितियों पर स्पष्ट तस्वीर बन सकती है।
बिल्डरों, नेताओं और अधिकारियों से संपर्क की भी जांच
समाचार रिपोर्ट के मुताबिक, पुलिस ने श्रद्धा की कॉल डिटेल की जांच की तो उसमें राजधानी के कई चर्चित लोगों के नंबर मिलने की बात सामने आई। इसके बाद उसके कथित तौर पर बिल्डरों, नेताओं और अधिकारियों से संपर्कों की चर्चा शुरू हुई। हालांकि, किसी व्यक्ति का फोन नंबर कॉल डिटेल में मिलने मात्र से किसी अपराध में उसकी संलिप्तता साबित नहीं होती।
पुलिस के लिए यह जांचना जरूरी होगा कि इन संपर्कों का शिवा शर्मा की मौत के मामले से कोई वास्तविक संबंध है या नहीं। श्रद्धा ने अपने वीडियो में भी अपील की है कि उसका नाम किसी नेता या अधिकारी के साथ बिना आधार न जोड़ा जाए। ऐसे में जांच के निष्कर्षों और सत्यापित तथ्यों के आधार पर ही किसी संबंध के बारे में दावा किया जा सकता है।
सिगरेट और शराब लाने में देरी पर विवाद का आरोप
शिवा की मां रंजना ने पहले आरोप लगाया था कि श्रद्धा उनके बेटे को झूठे मुकदमे में फंसाने की धमकी देती थी और उसके साथ दुर्व्यवहार करती थी। उन्होंने सिगरेट से जलाने समेत कई आरोप भी लगाए हैं। रिपोर्ट में यह भी कहा गया है कि श्रद्धा शिवा को दोस्तों, मां और परिवार के अन्य सदस्यों से मिलने से रोकती थी। ये सभी आरोप परिवार की ओर से लगाए गए हैं और इनकी स्वतंत्र पुष्टि होना बाकी है।
कथित वायरल ऑडियो में सिगरेट लाने में देरी को लेकर बातचीत का उल्लेख है। रिपोर्ट के अनुसार, उसमें श्रद्धा शिवा को जेल भेजने की धमकी देती सुनाई देती है। लेकिन ऑडियो की प्रामाणिकता की पुष्टि नहीं होने के कारण इसे निर्णायक साक्ष्य के तौर पर पेश करना उचित नहीं होगा। जांच में इसकी सत्यता और संदर्भ महत्वपूर्ण होंगे।
एसयूवी पर ओवरस्पीडिंग के तीन चालान की जानकारी
रिपोर्ट में श्रद्धा दुबे के नाम पर पंजीकृत एसयूवी के खिलाफ ओवरस्पीडिंग के तीन चालान होने की जानकारी भी दी गई है। वाहन का पंजीकरण नंबर यूपी-32-क्यूक्यू-0111 बताया गया है। परिवहन विभाग के रिकॉर्ड के हवाले से कहा गया है कि गाड़ी का पंजीकरण 25 मई 2025 को हुआ था और उसके चालान लंबित हैं।
रिपोर्ट के मुताबिक, 14 अप्रैल 2026 को यमुना एक्सप्रेसवे पर तेज रफ्तार से वाहन चलाने के मामले में आगरा ट्रैफिक पुलिस ने 2,000 रुपये का चालान किया था। इसके बाद 8 अगस्त 2026 को उसी एक्सप्रेसवे पर मथुरा ट्रैफिक पुलिस ने 2,000 रुपये का एक और चालान किया। रिपोर्ट में बताया गया है कि उस सड़क पर अधिकतम निर्धारित गति सीमा 100 किलोमीटर प्रति घंटा है, जबकि वाहन 123 किलोमीटर प्रति घंटा की रफ्तार से चल रहा था। चालानों के लंबित होने की बात भी सामने आई है।
ये चालान वाहन की यातायात संबंधी जानकारी हैं। इनका कारोबारी की मौत के मामले से सीधा संबंध है या नहीं, यह अलग प्रश्न है। इन्हें हत्या के आरोपों की पुष्टि के रूप में नहीं देखा जा सकता।
अब जांच के सामने कौन से सवाल?
इस मामले में पुलिस के सामने कई महत्वपूर्ण सवाल हैं। शिवा शर्मा की मौत किन परिस्थितियों में हुई, क्या यह आत्महत्या थी या किसी अन्य कारण से उनकी जान गई, और घटना से पहले उनके तथा श्रद्धा दुबे के बीच क्या हुआ था—इन सभी पहलुओं की जांच आवश्यक है। इसके साथ ही, फ्लैट से मिली वस्तुओं, कथित ऑडियो, शिवा की डायरी और घटनास्थल से जुटाए गए साक्ष्यों की प्रामाणिकता की पड़ताल भी अहम होगी।
श्रद्धा ने वीडियो जारी कर खुद को निर्दोष बताते हुए पुलिस को पूरी जानकारी देने की इच्छा जताई है। वहीं, मृत कारोबारी की मां ने उसके खिलाफ आरोप लगाए हैं और डायरी की जांच की मांग की है। पुलिस की तलाश, एसयूवी की बरामदगी और उपलब्ध डिजिटल साक्ष्य इस जांच के महत्वपूर्ण हिस्से हैं। फिलहाल, मामले में किसी भी पक्ष के दावे को अंतिम सत्य मानने के बजाय जांच के निष्कर्षों का इंतजार करना जरूरी है। शिवा शर्मा की मौत की असली वजह और घटना से जुड़े अन्य सवालों का जवाब पुलिस जांच तथा कानूनी प्रक्रिया के बाद ही सामने आ सकेगा।
