देवरिया। उत्तर प्रदेश के देवरिया में शनिवार की आधी रात के बाद अचानक गोलियों की आवाज से इलाका गूंज उठा। लार थाना क्षेत्र के सुतावर मोड़ के पास पुलिस और RSS कार्यकर्ता रामेश्वर तिवारी की हत्या के आरोपी के बीच मुठभेड़ हो गई। पुलिस के अनुसार, कार्रवाई के दौरान आरोपी ने फायरिंग की, जिसके बाद पुलिस ने जवाबी कार्रवाई की। इस दौरान आरोपी के पैर में गोली लगी और वह जमीन पर गिर पड़ा। पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया है।
सुतावर मोड़ पर चेकिंग के दौरान पुलिस से हुआ सामना
पुलिस के मुताबिक, शनिवार की आधी रात लार थाना क्षेत्र के सुतावर मोड़ के पास पुलिस टीम वाहनों और संदिग्ध लोगों की चेकिंग कर रही थी। इसी दौरान एक युवक वहां आता दिखाई दिया। पुलिस टीम ने उसे रोकने का प्रयास किया तो वह भागने लगा। पुलिस ने उसका पीछा किया तो आरोपी ने कथित तौर पर पुलिस टीम पर गोली चला दी।
पुलिस का कहना है कि अपनी सुरक्षा के लिए जवानों ने जवाबी कार्रवाई की। इसी दौरान पुलिस की गोली युवक के पैर में लगी। गोली लगने के बाद वह जमीन पर गिर गया और पुलिस टीम ने उसे मौके से पकड़ लिया।
पैर में गोली लगने के बाद अस्पताल में भर्ती
मुठभेड़ के दौरान घायल आरोपी की पहचान दीपक तिवारी के रूप में हुई है। पुलिस ने घायल अवस्था में उसे तत्काल सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) लार पहुंचाया। प्राथमिक उपचार के बाद डॉक्टरों ने उसे देवरिया के महर्षि देवरहा बाबा मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया, जहां उसका इलाज कराया जा रहा है।
पूछताछ में आरोपी ने अपना नाम दीपक तिवारी बताया। पुलिस के अनुसार, वह RSS कार्यकर्ता रामेश्वर तिवारी हत्याकांड में दर्ज मुकदमे में नामजद आरोपियों में शामिल है।
RSS कार्यकर्ता रामेश्वर तिवारी की हत्या से मचा था हड़कंप
जिस मामले में दीपक तिवारी की गिरफ्तारी हुई है, उसकी शुरुआत एक अक्टूबर को हुई हत्या की घटना से हुई थी। लार थाना क्षेत्र की ग्राम पंचायत रक्शा के भीखमछपरा टोला निवासी 50 वर्षीय रामेश्वर तिवारी पुत्र स्वर्गीय जयमंगल तिवारी की हत्या कर दी गई थी।
रामेश्वर तिवारी RSS के समरसता प्रमुख थे। जानकारी के अनुसार, घर के सामने रास्ते पर स्पीड ब्रेकर बनाने को लेकर विवाद हुआ था। इसी विवाद के दौरान लाठी-डंडों से मारपीट की गई, जिसमें रामेश्वर तिवारी की मौत हो गई।
घटना के बाद पुलिस महकमे में भी हड़कंप मच गया था। मामले में पुलिस की भूमिका को लेकर भी सवाल उठे थे और जांच के बाद चार पुलिसकर्मियों को निलंबित किया गया था।
थानेदार समेत चार पुलिसकर्मी किए गए थे निलंबित
RSS कार्यकर्ता की हत्या के मामले में पुलिस विभाग की कार्रवाई भी सामने आई थी। मामले में दोषी पाए जाने पर लार थाने के थानेदार राकेश सिंह, दरोगा राममूरत, बीट आरक्षी प्रीतम भारती और चंद्रभान को निलंबित कर दिया गया था।
पुलिस विभाग की इस कार्रवाई के बाद हत्याकांड की जांच और आरोपियों की गिरफ्तारी को लेकर दबाव बढ़ गया था। इसी क्रम में शनिवार देर रात पुलिस टीम संदिग्धों की तलाश और चेकिंग कर रही थी, तभी सुतावर मोड़ के पास आरोपी से पुलिस का सामना हो गया।
सात नामजद और 10 अज्ञात के खिलाफ मुकदमा
रामेश्वर तिवारी हत्याकांड में पुलिस ने कई लोगों के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज किया है। दर्ज एफआईआर के अनुसार, संजय तिवारी पुत्र श्यामनारायण तिवारी, दीपक तिवारी और प्रांजल तिवारी पुत्रगण स्वर्गीय विनोद तिवारी, अभिनित तिवारी और आदित्य तिवारी पुत्रगण संजय तिवारी तथा निखिल तिवारी पुत्र उत्तम तिवारी के खिलाफ मामला दर्ज है। इनके अलावा 10 अज्ञात लोगों को भी मुकदमे में शामिल किया गया है।
पुलिस अब गिरफ्तार किए गए आरोपी दीपक तिवारी से पूछताछ के जरिए मामले से जुड़े अन्य पहलुओं की जानकारी जुटा रही है। साथ ही हत्याकांड में नामजद अन्य आरोपियों की भूमिका और उनकी गिरफ्तारी को लेकर भी कार्रवाई जारी है।
एनकाउंटर की सूचना पर मौके पर पहुंचे पुलिस के बड़े अधिकारी
मुठभेड़ की जानकारी मिलते ही देवरिया पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी घटनास्थल पर पहुंच गए। एसपी अभिजीत आर शंकर, एएसपी सुनील कुमार सिंह और सीओ गौरव सिंह ने मौके का निरीक्षण किया और पुलिस टीम से पूरे घटनाक्रम की जानकारी ली।
एसपी अभिजीत आर शंकर ने बताया कि पुलिस मुठभेड़ में हत्याकांड का एक आरोपी गिरफ्तार किया गया है। उसके पैर में गोली लगी है और उसे उपचार के लिए मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया है।
हत्याकांड के बाद पुलिस की कार्रवाई पर बनी हुई है नजर
RSS कार्यकर्ता रामेश्वर तिवारी की हत्या के बाद पुलिस की कार्रवाई लगातार चर्चा में रही है। एक तरफ मामले में पुलिसकर्मियों के निलंबन की कार्रवाई हुई, वहीं अब नामजद आरोपी की मुठभेड़ के बाद गिरफ्तारी हुई है। इस कार्रवाई से हत्याकांड की जांच में एक महत्वपूर्ण कदम आगे बढ़ने का दावा किया जा रहा है।
फिलहाल पुलिस गिरफ्तार आरोपी से पूछताछ कर रही है और मामले में आगे की कार्रवाई जारी है। पुलिस के मुताबिक, मुठभेड़ के दौरान आरोपी की ओर से फायरिंग की गई, जिसके जवाब में पुलिस ने कार्रवाई की। घटना के बाद वरिष्ठ अधिकारियों ने मौके का निरीक्षण कर पूरे घटनाक्रम की जानकारी ली है।
अब अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी पर नजर
देवरिया के लार थाना क्षेत्र में हुए इस हत्याकांड में सात नामजद और 10 अज्ञात लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज है। दीपक तिवारी की गिरफ्तारी के बाद अब पुलिस की जांच और कार्रवाई अन्य आरोपियों तक पहुंचने पर केंद्रित रहेगी। फिलहाल घायल आरोपी का इलाज मेडिकल कॉलेज में चल रहा है और पुलिस उससे पूछताछ के आधार पर आगे की कार्रवाई कर रही है।
RSS कार्यकर्ता रामेश्वर तिवारी की हत्या के बाद शुरू हुई पुलिस कार्रवाई अब आरोपी की मुठभेड़ में गिरफ्तारी तक पहुंच गई है। आधी रात के बाद सुतावर मोड़ पर हुई गोलीबारी में आरोपी के घायल होने के बाद उसे गिरफ्तार कर लिया गया। मामले में आगे क्या कार्रवाई होती है और अन्य नामजद आरोपियों तक पुलिस कब पहुंचती है, इस पर अब नजर बनी हुई है।
