erere | Source: erereनई दिल्ली। भारतीय क्रिकेट टीम के अनुभवी तेज गेंदबाज मोहम्मद शमी को न्यूजीलैंड दौरे के लिए वनडे और टेस्ट टीम में जगह नहीं मिली है। इसके बाद रणजी ट्रॉफी 2026-27 में बंगाल की ओर से खेलने वाले शमी दूसरे मुकाबले की प्लेइंग इलेवन में भी नजर नहीं आए। उनके टीम से बाहर रहने के फैसले ने क्रिकेट जगत में चर्चा तेज कर दी है। मीडिया रिपोर्टों में दावा किया गया है कि न्यूजीलैंड दौरे के लिए भारतीय टीम में चयन नहीं होने के बाद शमी ने बंगाल के दूसरे मैच में नहीं खेलने का फैसला किया। हालांकि, उनकी ओर से इस फैसले के पीछे की वजह की आधिकारिक पुष्टि उपलब्ध जानकारी में नहीं की गई है। खास बात यह है कि शमी ने रणजी ट्रॉफी के पहले मुकाबले में प्रभावशाली गेंदबाजी करते हुए चार विकेट हासिल किए थे। दूसरे मैच में उनकी जगह उनके छोटे भाई मोहम्मद कैफ को बंगाल की प्लेइंग इलेवन में शामिल किया गया है।

पहले मैच में चार विकेट, फिर दूसरे मुकाबले से बाहर हुए शमी

मोहम्मद शमी रणजी ट्रॉफी 2026-27 में बंगाल की टीम का हिस्सा हैं। उन्होंने टूर्नामेंट के पहले मुकाबले में गेंद से अच्छा प्रदर्शन करते हुए चार बल्लेबाजों को आउट किया था। इस प्रदर्शन के बाद उम्मीद की जा रही थी कि वह घरेलू क्रिकेट में लगातार अच्छा खेल दिखाकर भारतीय टीम में वापसी की अपनी दावेदारी मजबूत करेंगे। हालांकि, न्यूजीलैंड के खिलाफ आगामी वनडे और टेस्ट सीरीज के लिए भारतीय टीम की घोषणा के बाद शमी को जगह नहीं मिली। इसके बाद वह दिल्ली के पालम ए स्टेडियम में सर्विसेज के खिलाफ रविवार, 18 अक्टूबर को शुरू हुए रणजी ट्रॉफी के दूसरे मुकाबले में बंगाल की प्लेइंग इलेवन का हिस्सा नहीं बने। रिपोर्ट के अनुसार, शमी चोटिल नहीं हैं और न ही उनके किसी शारीरिक परेशानी से जूझने की जानकारी सामने आई है। मीडिया रिपोर्टों में उनके मैच से बाहर रहने को भारतीय टीम में चयन नहीं होने से जोड़कर देखा जा रहा है। हालांकि, इसे शमी की आधिकारिक तौर पर बताई गई वजह नहीं माना जा सकता।

न्यूजीलैंड दौरे के लिए चयन नहीं होने से बढ़ी निराशा की चर्चा

मोहम्मद शमी लंबे समय से भारतीय टीम से बाहर चल रहे हैं। इस दौरान उन्होंने घरेलू क्रिकेट में अपनी गेंदबाजी के जरिए वापसी की उम्मीद बनाए रखी है। न्यूजीलैंड के खिलाफ वनडे और टेस्ट सीरीज के लिए घोषित भारतीय टीम में उनका नाम शामिल नहीं होने से उनकी वापसी की संभावनाओं पर फिर सवाल उठने लगे हैं। चयनकर्ताओं ने आगामी सीरीज के लिए युवा तेज गेंदबाजों को मौका दिया है। ऐसे में शमी जैसे अनुभवी गेंदबाज को टीम में जगह नहीं मिलने के बाद उनके भविष्य और भारतीय टीम में वापसी को लेकर चर्चा होना स्वाभाविक है। मीडिया रिपोर्टों के मुताबिक, शमी को न्यूजीलैंड दौरे के लिए टीम में चुने जाने की उम्मीद थी। चयन नहीं होने के बाद रणजी ट्रॉफी का दूसरा मैच नहीं खेलने के फैसले को इसी घटनाक्रम से जोड़कर देखा जा रहा है। हालांकि, केवल टीम में चयन नहीं होने और रणजी मुकाबले से अनुपस्थित रहने के आधार पर यह निष्कर्ष निकालना उचित नहीं होगा कि शमी निराशा के कारण ही नहीं खेले।

रणजी ट्रॉफी के पहले मैच में इन बल्लेबाजों को बनाया था शिकार

शमी ने बंगाल के लिए पहले रणजी मुकाबले में चार विकेट लिए थे। उनके शिकार बनने वाले बल्लेबाजों में यश ढुल, आयुष दोसेजा, ऋतिक शौकीन और दिविज मेहरा शामिल थे। रिपोर्ट के अनुसार, आयुष दोसेजा ने 45 रन बनाए थे, जबकि दिल्ली की ओर से ऋतिक शौकीन ने सर्वाधिक 56 रन की पारी खेली थी। शमी की गेंदबाजी घरेलू क्रिकेट में उनकी क्षमता और अनुभव का उदाहरण मानी जा रही थी। भारतीय टीम में वापसी की कोशिश कर रहे तेज गेंदबाज के लिए रणजी ट्रॉफी जैसे टूर्नामेंट में लगातार प्रदर्शन करना अहम हो सकता है। ऐसे में दूसरे मुकाबले से उनकी अनुपस्थिति ने प्रशंसकों के बीच सवाल खड़े कर दिए हैं। हालांकि, शमी की अनुपस्थिति के कारणों को लेकर अंतिम स्थिति स्पष्ट नहीं है। जब तक उनकी ओर से कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आता, तब तक उनके फैसले को लेकर सामने आ रही मीडिया रिपोर्टों को दावे के रूप में ही देखा जाना चाहिए।

भुवनेश्वर कुमार की वापसी के बाद शमी को भी थी उम्मीद?

भारतीय टीम में तेज गेंदबाज भुवनेश्वर कुमार की करीब चार साल बाद वापसी हुई है। उनकी वापसी के बाद शमी की संभावित वापसी को लेकर भी अटकलें लगाई जा रही थीं। क्रिकेट प्रशंसकों के बीच यह चर्चा थी कि घरेलू क्रिकेट में प्रदर्शन के आधार पर शमी को भी दोबारा मौका मिल सकता है। रिपोर्ट में यह भी उल्लेख किया गया है कि चयन समिति में बदलाव के बाद शमी को टीम में चुने जाने की उम्मीद थी। हालांकि, न्यूजीलैंड के खिलाफ वनडे और टेस्ट टीम में उनका चयन नहीं हुआ। युवा तेज गेंदबाजों को प्राथमिकता दिए जाने के बीच शमी की अनुपस्थिति ने उनके अंतरराष्ट्रीय करियर को लेकर चर्चा को फिर तेज कर दिया है। बंगाल की टीम में शमी की जगह उनके छोटे भाई मोहम्मद कैफ को शामिल किया गया। इससे दोनों भाइयों को लेकर भी क्रिकेट प्रशंसकों की दिलचस्पी बढ़ी है। फिलहाल, शमी की ओर से दूसरे रणजी मुकाबले से बाहर रहने और भारतीय टीम में चयन नहीं होने के बीच संबंध को लेकर कोई आधिकारिक स्पष्टीकरण उपलब्ध नहीं है।

मुकेश कुमार और आकाश दीप भी बंगाल की प्लेइंग इलेवन से बाहर

सर्विसेज के खिलाफ मुकाबले में मोहम्मद शमी के अलावा मुकेश कुमार और आकाश दीप भी बंगाल की प्लेइंग इलेवन में शामिल नहीं हैं। हालांकि, इन दोनों तेज गेंदबाजों के बाहर रहने की वजह स्पष्ट है। मुकेश कुमार और आकाश दीप का चयन न्यूजीलैंड के खिलाफ तीन अनौपचारिक टेस्ट मैचों के लिए इंडिया ए टीम में किया गया है। दोनों गेंदबाज आगामी अनौपचारिक टेस्ट सीरीज के लिए न्यूजीलैंड रवाना होने वाले हैं। इस सीरीज की शुरुआत 24 अक्टूबर को लिंकन में होगी। इसलिए उनका बंगाल के रणजी मुकाबले में नहीं खेलना टीम इंडिया ए की आगामी जिम्मेदारी से जुड़ा है। तीनों तेज गेंदबाजों की अनुपस्थिति के बावजूद शमी का मामला इसलिए चर्चा में है, क्योंकि उनके लिए न्यूजीलैंड दौरे की घोषित वनडे और टेस्ट टीम में जगह नहीं बनी है। वहीं, मुकेश कुमार और आकाश दीप को इंडिया ए के साथ खेलने का अवसर मिला है।

22 अक्टूबर से न्यूजीलैंड दौरे पर भारतीय टीम का कार्यक्रम

भारतीय टीम न्यूजीलैंड दौरे पर 22 अक्टूबर से एक नवंबर तक पांच टी20 अंतरराष्ट्रीय मैच खेलेगी। उपलब्ध कार्यक्रम के अनुसार, सीरीज का पहला मुकाबला 22 अक्टूबर को क्राइस्टचर्च में होगा। दूसरा मैच 24 अक्टूबर को इसी शहर में खेला जाएगा। तीसरा टी20 अंतरराष्ट्रीय मुकाबला 27 अक्टूबर को वेलिंगटन में आयोजित होगा। इसके बाद चौथा मैच 30 अक्टूबर को ऑकलैंड और पांचवां मुकाबला एक नवंबर को हैमिल्टन में खेला जाएगा। टी20 सीरीज के बाद भारत न्यूजीलैंड के खिलाफ पांच मैचों की वनडे सीरीज और दो टेस्ट मैच भी खेलेगा। न्यूजीलैंड दौरे के लिए भारतीय टीम के चयन के बाद शमी की गैरमौजूदगी पर चर्चा जारी है। घरेलू क्रिकेट में चार विकेट लेने के बावजूद दूसरे रणजी मुकाबले में नहीं खेलने का उनका फैसला सवालों के घेरे में है, लेकिन इसकी वास्तविक वजह स्पष्ट होने के लिए उनके आधिकारिक बयान या बंगाल टीम की ओर से जानकारी का इंतजार रहेगा।