
पटना। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी की अध्यक्षता में बुधवार को हुई बिहार कैबिनेट की बैठक में राज्य के विकास, आधारभूत संरचना, पंचायत व्यवस्था, शिक्षा, सुरक्षा, पर्यटन, तकनीक और जनकल्याण से जुड़े कुल 25 महत्वपूर्ण प्रस्तावों को मंजूरी दी गई। कैबिनेट के फैसलों में वर्ष 2026 के पंचायत चुनाव नए परिसीमन के आधार पर कराने, भागलपुर में नए ग्रीनफील्ड हवाई अड्डे के निर्माण, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस सेंटर ऑफ एक्सीलेंस की स्थापना, छात्राओं की सुरक्षा के लिए पुलिस दीदी योजना के विस्तार तथा धार्मिक और पर्यटन स्थलों के विकास जैसे कई बड़े निर्णय शामिल हैं।
2011 की जनगणना के आधार पर होंगे पंचायत चुनाव
कैबिनेट के सबसे महत्वपूर्ण फैसलों में वर्ष 2026 के पंचायत चुनाव नए परिसीमन के आधार पर कराने की मंजूरी शामिल है। सरकार ने तय किया है कि पंचायत चुनाव के लिए वर्ष 2011 की जनगणना को आधार बनाया जाएगा। इसी के अनुसार ग्राम पंचायत, वार्ड, पंचायत समिति और जिला परिषद क्षेत्रों का गठन एवं परिसीमन किया जाएगा। नए परिसीमन के तहत वार्ड से लेकर पंचायत समिति और जिला परिषद तक की सीमाओं में आवश्यकतानुसार बदलाव किया जाएगा। जहां जरूरत होगी वहां नए क्षेत्र बनाए जाएंगे तथा पुराने क्षेत्रों का पुनर्गठन किया जाएगा। सरकार का कहना है कि इससे स्थानीय निकायों में जनसंख्या के अनुरूप संतुलित प्रतिनिधित्व सुनिश्चित होगा, प्रशासनिक व्यवस्था मजबूत होगी और विकास योजनाओं का लाभ अधिक प्रभावी तरीके से लोगों तक पहुंचेगा।
भागलपुर में बनेगा अजगैबीनाथ धाम ग्रीनफील्ड हवाई अड्डा
कैबिनेट ने भागलपुर में बनने वाले नए ग्रीनफील्ड हवाई अड्डे का नाम अजगैबीनाथ धाम ग्रीनफील्ड हवाई अड्डा रखने को मंजूरी दी है। इस परियोजना के लिए 3,145 एकड़ से अधिक भूमि का अधिग्रहण किया जाएगा, जिसके लिए सरकार ने 1,329 करोड़ रुपये से अधिक की राशि स्वीकृत की है। इसके अलावा राजगीर, रोहतास और कैमूर में भी नए ग्रीनफील्ड हवाई अड्डों के निर्माण की दिशा में पहल की गई है। इन परियोजनाओं के लिए भारतीय विमानपत्तन प्राधिकरण और बिहार सरकार के बीच प्रारंभिक अध्ययन एवं समझौते को भी मंजूरी दी गई है।
बिहार उड्डयन संस्थान में प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे पायलटों को बेहतर व्यावहारिक प्रशिक्षण उपलब्ध कराने के लिए सरकार ने एक विशेष प्रशिक्षण विमान पट्टे पर लेने का निर्णय लिया है। इस पर प्रतिवर्ष लगभग 78 लाख रुपये खर्च किए जाएंगे।
महिलाओं की सुरक्षा के लिए पुलिस दीदी योजना का विस्तार
महिलाओं और छात्राओं की सुरक्षा को मजबूत करने के उद्देश्य से सरकार ने शहरी क्षेत्रों में स्कूल, कॉलेज और कोचिंग संस्थानों में आने-जाने वाली छात्राओं की सुरक्षा के लिए महिला पुलिसकर्मियों यानी पुलिस दीदी को 1,500 स्कूटर उपलब्ध कराने का निर्णय लिया है। इनमें 500 इलेक्ट्रिक स्कूटर शामिल होंगे। इसके अतिरिक्त पुलिस बल की कार्यक्षमता बढ़ाने के लिए 3,200 नई मोटरसाइकिलें भी खरीदी जाएंगी।
कैबिनेट ने जेल सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने के लिए जेलों में तैनात भूतपूर्व सैनिकों का मासिक मानदेय 19,800 रुपये से बढ़ाकर 30,000 रुपये करने का निर्णय लिया है। साथ ही जेल में किसी बंदी की प्राकृतिक अथवा आकस्मिक मृत्यु होने की स्थिति में उसके परिजनों को मुआवजा देने के लिए नई नीति को भी मंजूरी दी गई है। विशेष कार्य बल के सेवानिवृत्त अधिकारी रामाकांत प्रसाद का कार्यकाल भी एक वर्ष के लिए बढ़ा दिया गया है।
धार्मिक और पर्यटन स्थलों के विकास को मिलेगा बढ़ावा
धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए सीतामढ़ी स्थित माता सीता की जन्मस्थली पुनौरा धाम को रामायण सर्किट से जोड़ने की दिशा में महत्वपूर्ण निर्णय लिया गया है। 942 करोड़ रुपये की विकास योजना के तहत न्यास समिति को लगभग 50 एकड़ भूमि नि:शुल्क हस्तांतरित करने की स्वीकृति दी गई है। वहीं कैमूर स्थित प्रसिद्ध मां मुंडेश्वरी भवानी मंदिर की नई धर्मशाला का संचालन मंदिर समिति को सौंपने का निर्णय भी लिया गया है।
पर्यटन क्षेत्र को नई गति देने के लिए राजगीर और मंदार पर्वत जैसे प्रमुख पर्यटन स्थलों पर रोपवे सुविधाओं के विकास हेतु बिहार स्टेट रोपवेज कंपनी लिमिटेड के गठन को मंजूरी दी गई है। साथ ही पर्यटन विभाग के प्रशासनिक ढांचे को मजबूत बनाने के लिए अधिकारियों के नए पदों का निर्धारण तथा दो नई नियमावलियों को भी स्वीकृति प्रदान की गई है।
सरकारी स्कूलों को बनाया जाएगा आधुनिक
शिक्षा के क्षेत्र में भी सरकार ने बड़ा फैसला लिया है। राज्य के कई माध्यमिक एवं उच्च माध्यमिक विद्यालयों को आदर्श विद्यालय के रूप में विकसित किया जाएगा। इन विद्यालयों में स्मार्ट कक्षाएं, आधुनिक प्रयोगशालाएं तथा पढ़ाई में कमजोर विद्यार्थियों के लिए विशेष शिक्षण व्यवस्था विकसित की जाएगी।
ग्रामीण विकास को गति देने के उद्देश्य से पंचायत राज अधिनियम में संशोधन को मंजूरी दी गई है। इसके तहत ग्राम पंचायतों को स्थानीय स्तर पर कर और शुल्क निर्धारित करने का अधिकार मिलेगा। सरकार का मानना है कि इससे पंचायतों की वित्तीय क्षमता बढ़ेगी और स्थानीय विकास कार्यों में तेजी आएगी।
बिहार में बनेगा आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस सेंटर ऑफ एक्सीलेंस
तकनीक के क्षेत्र में बिहार को आगे बढ़ाने के लिए राज्य में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस सेंटर ऑफ एक्सीलेंस स्थापित करने का निर्णय लिया गया है। सरकार का कहना है कि यह केंद्र कृत्रिम बुद्धिमत्ता आधारित अनुसंधान, नवाचार और तकनीकी विकास को बढ़ावा देगा तथा राज्य में नई तकनीकों के उपयोग को प्रोत्साहित करेगा।
वाहन कर और खनन व्यवस्था में हुआ बदलाव
कैबिनेट ने वाहन कर व्यवस्था में भी संशोधन को मंजूरी दी है। इसके तहत दोपहिया वाहनों पर 1 प्रतिशत अतिरिक्त कर लगाया जाएगा। वहीं एकमुश्त कर जमा करने वाले वाहन मालिकों को मौजूदा दर की तुलना में 1,000 रुपये अधिक कर देना होगा। तीनपहिया वाहनों से जुड़े कर प्रावधानों में भी संशोधन किया गया है।
खनिज क्षेत्र में पारदर्शिता बढ़ाने के लिए पत्थरों की सरकारी ई-नीलामी संबंधी नियमावली में संशोधन किया गया है, ताकि अधिक से अधिक लोग नीलामी प्रक्रिया में भाग ले सकें। इसके अलावा पश्चिम चंपारण जिले के बेतिया क्षेत्र में रहने वाली थारू जनजाति के आर्थिक विकास और आधारभूत संरचना से जुड़ी योजनाओं की अवधि वर्ष 2030-31 तक बढ़ाने का भी निर्णय लिया गया है।
